अंकित के साथ गुजरात भागा था मुंडी
दीपक मुंडी बोलेरो माड्यूल का हिस्सा था, जिसे हरियाणा के शूटर प्रियव्रत फौजी ने लीड किया था। अंकित सेरसा और कशिश भी इसके साथ थे। मूसेवाला की हत्या के बाद चारों भागकर गुजरात में छिप गए, जहां से अंकित सेरसा और मुंडी अलग-अलग दिशा में भाग गए थे। सेरसा को दिल्ली पुलिस ने कश्मीरी गेट से गिरफ्तार कर लिया, लेकिन मुंडी हाथ नहीं आया था। उसकी तलाश में पंजाब पुलिस की पांच टीमें जुटी थीं। कई जगह छापे मारे, लेकिन वह हाथ नहीं आया। इसे पकड़ने के लिए पंजाब पुलिस ने ऑपरेशन मुंडी तैयार किया था।
राजस्थान में सक्रिय रहा है दीपक पंडित का गैंग
दीपक मुंडी के साथ पकड़ा गया गैंगस्टर कपिल पंडित का गिरोह राजस्थान में सक्रिय रहा है। पंडित पर हत्या और फिरौती के दर्जनों केस दर्ज हैं। हत्या, फिरौती के अपराध में शामिल होने से पहले वह यूपी में शराब की तस्करी किया करता था। लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़ने के बाद वह भी एक बड़े गैंगस्टर के तौर पर जाना जाने लगा। पुलिस का मानना है कि मूसेवाला की हत्या के बाद शूटरों को दूसरे राज्यों में सुरक्षित पहुंचाने और ठहराने में कपिल पंडित ने ही मदद की है।
पंजाब पुलिस ने केंद्रीय एजेंसियों और दिल्ली पुलिस के साथ एक संयुक्त अभियान में सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड में फरार शूटर दीपक उर्फ मुंडी को उसके दो सहयोगियों के साथ गिरफ्तार किया है। सीएम के निर्देश पर ड्रग्स और गैंगस्टरों के खिलाफ जंग में यह बड़ी जीत है। - गौरव यादव, डीजीपी पंजाब