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गंगा और मोदी पर ये क्या बोल गए शंकराचार्य?

Sun, 28 Sep 2014 08:02 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, चंडीगढ़
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गंगा की सफाई कैसे होगी। क्या कुछ किनारों को साफ करके। मां गंगा को तो कांग्रेस और भाजपा दोनों ने ही टिहरी में बांध बनाकर फांसी दे दी है। गंगा के सिर को कुचल दिया है।
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क्या टिहरी बांध को सरकार तोड़ेगी। गंगा को तो राजनीतिक पाटियों ने अपने स्वार्थ के लिए विलुप्त कर दिया है। यह कहना है पुरीपीठाधीश्वर स्वामी निश्चलानंद सरस्वती का। यह बातें उन्होंने सेक्टर-21 में प्रेसवार्ता के दौरान कही।

उन्होंने कहा कि गंगा को काशी में तो ठीक कर देंगे, लेकिन अन्य जगह कैसे ठीक करेंगे। उन्होंने ने कहा कि भारत के जनमासन ने गंगा को पांच प्रतिशत तो 95 प्रतिशत की बर्बादी सरकारों ने की है।
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मोदी चाहे तो पांच घंटे में समाधान

शंकराचार्य ने कहा कि गृह मंत्री के नकली दामाद को पुलिस पकड़ लेती है। लेकिन, नकली शंकराचार्य को कौन पकड़ेगा। उन्होंने कहा कि मुगल और क्रिश्चन के शासन में नकली शंकराचार्य नहीं थे। वे हिंदुओं के रक्षक थे ऐसा नहीं है।

शंकराचार्य के अनुसार यदि प्रधानमंत्री मोदी चाहें तो पांच घंटे में नकली शंकराचार्य पकड़े जा सकते हैं। उन्होंने सवाल किया कि क्या आरएसएस के दो सर संघचालक हो सकते हैं।

व्यास गद्दी को विकृत किया जा रहा है। चारों कुंभ पर उन्हीं का कब्जा हो गया है। अवैध व्यक्ति शंकराचार्य बनकर घूम रहा है। सरकार हमें प्रताड़ित करती है। उन्होंने कहा कि वे 22 साल से शासन से टकरा रहे हैं।

उनका कहना है कि कथावाचक भी राजनीतिक हो गए हैं। राजनीतिक लोगों ने अपने-अपने कथावाचक बना लिए। उन्होंने कहा कि राजनेता उनसे आकर सीखें।
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साईं पूजा और मोदी पर ये बोले शंकराचार्य

शंकराचार्य निश्चलानंद सरस्वती ने साईं पूजा पर पूछे गए प्रश्नों के संबंध में कहा कि वे सिद्धांत की बात करते हैं। सनातन धर्म के अनुसार, सूर्य भगवान, विष्णु, शिव, भगवती और गणपति और उनके अवतारों की पूजा होती है। पांच सनातन देव हैं। उनकी पूजा के अतिरिक्त किसी की मूर्ति पूजा नहीं हो सकती।

शंकराचार्य का कहना कि नरेंद्र मोदी हिंदुओं के कितने हित रक्षक हैं ये आनेवाला समय बताएगा। वहीं, संघ प्रमुख मोहन भागवत के यह बयान ‘हिंदुस्तान में रहनेवाले सभी हिंदू’ पर उन्होंने कहा कि शंकराचार्य से व्यक्ति की समीक्षा नहीं कराई जानी चाहिए। इससे शंकराचार्य का स्तर गिरता है। उन्होंने कहा कि सनातन संस्कृति के अनुरूप शास्त्रों अनुसार चलनेवाला हिंदू है।
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