अगले सप्ताह अमित शाह का हरियाणा दौरा, एक-एक सीट की करेंगे समीक्षा
-हरियाणा के तीनों कलस्टरों के प्रभारियों के साथ करेंगे बैठकें
-चुनावी प्रचार समेत जनता के बीच ले जाने वाले मुद्दे भी होंगे तय
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। रेवाड़ी में पीएम नरेंद्र मोदी की रैली के बाद अब देश के गृह मंत्री अमित शाह हरियाणा में दस्तक देंगे। लोकसभा चुनावों से ठीक पहले अमित शाह प्रदेश की दसों लोकसभा सीटों का फीडबैक लेंगे और चुनावी रणनीति को अंतिम रूप देंगे। अमित शाह सभी कलस्टर के इंचार्ज के अलावा लोकसभा प्रभारी व संयोजकों के साथ अलग अलग बैठक करेंगे। 23 फरवरी को हरियाणा का बजट पेश होने के बाद फरवरी के अंतिम सप्ताह में शाह की आने की संभावना है। प्रदेश के मुख्यमंत्री मनोहर लाल पहले ही पीएम नरेंद्र मोदी की दसों सीटें जीतने का आश्वासन दे चुके हैं। देश के प्रधानमंत्री मोदी इस बार 400 पार का नारा दे रहे हैं। इसलिए भाजपा प्रदेश की दसों सीटों पर नजरें गड़ाए हुए है और किसी भी सीट पर कमजोरी नहीं छोड़ना चाहती है। भाजपा की ओर से सभी लोकसभा क्षेत्रों में चुनावी कार्यालय खोले जा चुके हैं। राज्य की 10 लोकसभा सीटों को तीन कलस्टर में पहले ही बांटा जा चुका है। भाजपा ने अंबाला, कुरुक्षेत्र, सोनीपत और करनाल कलस्टर का इंचार्ज राज्यसभा सदस्य कृष्ण लाल पंवार को बनाया है। गुरुग्राम, फरीदाबाद और रोहतक कलस्टर के इंचार्ज पूर्व सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर हैं और सिरसा, हिसार और भिवानी-महेंद्रगढ़ कलस्टर के लिए पूर्व मंत्री राव नरबीर सिंह को इंचार्ज बनाया गया है। भाजपा ने सभी कलस्टर के इंचार्ज के अलावा लोकसभा प्रभारी व संयोजक भी नियुक्त कर दिए हैं। भाजपा नेताओं का कहना है कि पहले अमित शाह का 23 फरवरी को हरियाणा आना तय हो गया था, लेकिन इस दिन मुख्यमंत्री मनोहर लाल अपनी सरकार का पांचवां बजट पेश करेंगे, इसलिए अमित शाह 23 के बाद किसी भी दिन हरियाणा के अपने दौरे की तारीख दे सकते हैं। अमित शाह तीनों जोन के पदाधिकारियों से अलग अलग बैठकें कर एक एक सीट की समीक्षा करेंगे और प्रत्येक सीट पर क्या चुनावी रणनीति होगी वह भी तय करेंगे।
बाक्स
लोकसभा चुनावों के लिए तय होंगे चुनाव के मुद्दे
बैठक में प्रदेश के मुद्दों पर भी मंथन होगा, साथ ही वोट के लिए कौन से मुद्दे पर फोकस करना है और जनता के बीच क्या क्या लेकर जाना है, वह सब यहीं पर तय होगा। विरोधी राजनीतिक दलों की कमियों को हथियार के रूप में इस्तेमाल के लिए टिप्स दिए जाएंगे। इसके बाद ये प्रभारी जिलास्तर से लेकर पन्ना प्रमुख तक यह संदेश देंगे।