एक अप्रैल से नया वित्तीय सत्र शुरू हो रहा है। इसके साथ ही चंडीगढ़ में कई बड़े बदलाव किए जा रहे हैं, जिनका सीधा असर लोगों पर पड़ेगा। नये बदलाव से जहां लोगों को राहत मिलेगी, वहीं कार्रवाई का प्रावधान भी है। प्रशासन और नगर निगम को केंद्र सरकार की ओर से नए बजट के तहत मिली ग्रांट का खर्च भी अप्रैल से ही शुरू होगा।
कामर्शियल वाहनों पर लगेगी पाबंदी
15 साल पुराने कामर्शियल वाहनों पर एक अप्रैल से पाबंदी लग जाएगी। इनमें 600 सरकारी वाहन ही शामिल है जबकि दो हजार से ज्यादा निजी कामर्शियल वाहन है। एसटीए सभी विभागों को अपने वाहन बदलने के लिए पहले ही नोटिस जारी कर चुका है। नियम नहीं मानने पर एक अप्रैल से ऐसे वाहनों के चालान शुरू हो जाएंगे।
पानी बर्बादी पर लगेगा जुर्माना
पानी बर्बाद करने वाले लोगों के एक अप्रैल से चालान कटने शुरू हो जाएंगे। दूसरी बार चालान कटने पर दो हजार रुपये का जुर्माना चार्ज किया जाएगा। जुर्माने की राशि बिल में जुटकर आएगी। गाड़ी और बागवानी की सिंचाई करने पर पाबंदी लगाई गई है। यह प्रक्रिया जून तक चलेगी। बीते साल शहर के लगभग ढाई हजार लोगों के चालान काटे गए थे।
प्रापर्टी टैक्स पर 10 प्रतिशत की छूट, हाउस टैक्स पर नहीं
व्यापारियों को एक अप्रैल से दो माह तक प्रापर्टी टैक्स जमा करवाने पर सेल्फ असेसमेंट स्कीम के तहत 10 प्रतिशत की छूट मिलेगी। शहर में 20 हजार व्यापारी हैं जिन्हें यह राहत मिलेगी। हर साल 20 करोड़ रुपये का राजस्व प्रापर्टी टैक्स से मिलता है। जबकि जो हाउस टैक्स में हर साल छूट मिलती थी अब एक अप्रैल से उस छूट को नगर निगम ने खारिज कर दिया है। नगर निगम का कहना है कि हाउस टैक्स का रेट बढ़ाने का दबाव है। ऐसे में जो छूट दी जा रही थी उस पर पाबंदी लगा दी गई है।
गैर रजिस्टर्ड आरडब्लयूए की सुनवाई नहीं
सीएचबी में गैर रजिस्टर्ड रेजिडेंटस वेलफेयर एसोसिएशन की सुनवाई पर पाबंदी लग जाएगी। अब तक हर एसोसिएशन का प्रतिनिधिमंडल मिल सकता था। वर्तमान में हर एरिया के हाउसिंग बोर्ड के मकानों की अलग अलग समस्याएं हैं। ऐसे में वह अलग- अलग नीड बेस्ड चेंज की मांग कर रहे है। हाउसिंग बोर्ड के अनुसार रजिस्टर्ड एसोसिएशन जो बदलाव बताएगा, उसे मंजूर करने का प्रयास किया जाएगा।
जेपी नहीं, मार्स कंपनी चलाएगी प्लांट
एक अप्रैल से डड्डूमाजरा गारबेज प्लांट को मोहाली की मार्स कंपनी चलाएगी। साल 2008 से जेपी कंपनी प्लांट चला रही थी। मालूम हो कि नगर निगम ने निर्णय लिया था कि जेपी कंपनी 31 मार्च तक ही गारबेज प्लांट चलाएगी। नगर निगम कंपनी के साथ हुए समझौते को खारिज कर चुका है। जेपी कंपनी की ओर से कूड़ा प्रोसेस करने की टिपिंग फीस की मांग की जा रही है लेकिन नगर निगम यह फीस देने के लिए तैयार नहीं है। इसलिए नगर निगम ने जेपी कंपनी से समझौता खारिज कर लिया था इसके साथ ही नगर निगम जेपी कंपनी द्वारा किए जा रहे कामों से संतुष्ट नहीं है।
नवनियुक्त पार्षदों को मिलेगा फंड
एक अप्रैल से वार्ड पार्षदों को नई ग्रांट में से वार्ड डेवलपमेंट फंड मिलेगा, जिससे वह अपने वार्ड में काम करवा पाएंगे। दिसंबर माह में ही पार्षद चुनाव जीतकर आए हैं ऐसे में उन्हें अभी तक वार्ड डेवलपमेंट फंड नहीं मिला है। अप्रैल माह से उनके वार्ड में काम की गति भी बढ़ जाएगी।
खाता नहीं खुलेगा बिना आधार कार्ड
केंद्र सरकार की घोषणा के मुताबिक एक अप्रैल से बिना आधार कार्ड बैंक में किसी भी तरह का खाता नहीं खुलेगा। हालांकि शहर में शत प्रतिशत लोगों के पास आधार कार्ड है।