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ये है सविता भट्टी के चुनाव टिकट लौटाने का कारण

Mon, 10 Mar 2014 10:54 AM IST
ब्यूरो/ अमर उजाला, चंडीगढ़
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आखिर एक हफ्ते में ऐसा क्या हुआ कि सविता भट्टी ने चुनाव लड़ने से मना कर दिया। जब से भट्टी को टिकट मिली थी, तभी से पार्टी का एक गुट उनसे नाराज चल रहा था।
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कार्यकर्ताओं का आरोप है कि अरविंद केजरीवाल ने भ्रष्टाचार के खिलाफ जो सीधी जंग छेड़ी थी, उसे आगे ले जाने में सविता भट्टी विफल साबित हो रही थीं। एक हफ्ते के प्रचार के दौरान उन्होंने न तो विरोधियों पर हमले बोले और न ही भ्रष्टाचारियों के आरोपियों का नाम लिया।

कार्यकर्ताओं ने इस बारे में हाईकमान को एक पत्र भी लिखा। शनिवार को आयोजित बैठक में भी इस बात को लेकर कार्यकर्ताओं ने काफी हो-हल्ला मचाया। लोग खुलकर इन मुद्दों पर बोलने लगे और सविता भट्टी पर हावी हो गए।
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इससे सविता भट्टी काफी दुखी हो गईं थी। उसके बाद उन्होंने शनिवार रात ही अपना नाम वापस लेने का फैसला ले लिया।

वालंटियर का नहीं मिल रहा था साथ
सविता भट्टी के नाम पर मुहर लगते ही कई कार्यकर्ताओं ने काम करना बंद कर दिया था। इससे पहले वे दिन रात एक करके पार्टी के लिए काम कर रहे थे। एक हफ्ते के चुनाव प्रचार में आधे से ज्यादा वालंटियर गायब रहे।

इसके अलावा कई कार्यकर्ताओं ने सविता भट्टी के खिलाफ अरविंदर केजरीवाल व अन्य नेताओं को पत्र लिखकर अपनी नाराजगी जाहिर की थी।

उनका कहना था कि जो लोग दिन रात पार्टी के लिए मेहनत कर रहे थे, टिकट उन्हें मिलना चाहिए था। जब पार्टी की ओर से सविता का नाम फाइनल हो गया था, तो इन लोगों ने अपना हाथ पीछे खींच लिया।

सविता पहुंची अमृतसर
पार्टी के सूत्रों ने बताया कि रविवार शाम सविता भट्टी अमृतसर के लिए निकल गईं हैं। उन्होंने फिलहाल मीडिया से दूरी बना रखी है। पहले सूचना मिली कि वे दिल्ली में है, लेकिन देर रात सूचना मिली कि वे अमृतसर के लिए निकल गईं हैं। वे वहां पर गोल्डन टेम्पल में माथा टेकने गई हैं।

अब कौन लड़ेगा चंडीगढ़ से
सविता भट्टी के नाम वापस लेने से फिर से सवाल खड़ा हो गया है कि पार्टी से कौन उम्मीदवार होगा। वैसे पार्टी की ओर से बिजनेसमैन नरेश गर्ग बॉबी, एनआरआई मुनीष रायजादा, बिजनेसमैन एचके अरोड़ा का भी नाम चल रहा था।

इसके अलावा भगवंत मान के भी चंडीगढ़ से लड़ने की चर्चा चल रही थी, लेकिन अब भी कयास लगाए जा रहे हैं कि सविता भट्टी पर पार्टी दबाव बना सकती हैं और उन्हें फिर से चुनाव लड़ने की बात कही जा सकती है।
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