चंडीगढ। सेक्टर-7 स्थित एक शोरूम की एनओसी जारी करने की एवज में 80 हजार रपये रिश्वत लेते गिरफ्तार फायर स्टेशन ऑफिसर व लीडिंग फायरमैन को सीबीआई ने अदालत में पेश किया। अदालत ने दोनों आरोपियों को न्यायिक हिरासत में भेज दिया गया। फायर स्टेशन आफिसर के घर से देर रात तलाशी अभियान के दौरान चार लाख रुपये की नकदी बरामद हुई, जिसे जांच टीम साथ ले गई है। दरअसल, सीबीआई को दी शिकायत में पीडि़त ने बताया था कि सेक्टर-7 स्थित शोरूम की फायर एनओसी के लिए अप्लाई किया था। उनकी यह फाइल मनीमाजरा फायर स्टेशन आफिसर दशैरू सिंह को मार्क हुई थी। इसके बाद स्टेशन आफिसर अपने लीडिंग फारमैन कमलेश्वर नेहरा के साथ दो बार उनके शोरूम पर आया और निरीक्षण करके गया। बाद में जब उन्होंने फाइल अप्रूवल के लिए पूछा तो उसे इसके लिए एक लाख रुपये देने के लिए कहा। इसके बाद कमलेश्वर से बात हुई तो उसने कहा कि एससीओ की एनओसी का अभी यही रेट चल रहा है, इससे कम में नहीं हो सकता है। हालांकि बाद में दोनों पक्षों के बीच 80 हजार रुपये में एनओसी जारी करने के लिए सौदा तय हो गया। वीरवार शाम को फायर आफिसर ने दीपक को 80 हजार रुपये लेकर अपने दफ्तर में बुलाया लेकिन दीपक ने पहले ही इसकी शिकायत सीबीआई के पास कर दी। सीबीआई ने दोनों पक्षों की पैसे के लेनदेन को लेकर रिकार्डिंग की और शाम को रंगे हाथों पैसे लेते स्टेशन आफिसर व लीडिंग फायरमैन को पकड़ लिया। देर रात तक इनके आफिस व घरों में तलाशी अभियान जारी रहा। फायर स्टेशन आफिसर के घर से चार लाख रुपये नकद बरामद हुए। वहीं, शुक्रवार को सीबीआई ने इन्हें ड्यूटी मजिस्ट्रेट के समक्ष पेश कर रिमांड नहीं मांगे जाने के कारण जेल भेज दिया।