हरियाणा सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी के बैनर तले हरियाणा के सिखों ने शुक्रवार को पंजाब के सीएम प्रकाश सिंह बादल और एसजीपीसी अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ के खिलाफ रोड शो निकाला।
हलका डबवाली के गांव ओढ़ां से शुरू हुए रोड शो के दौरान सिख नेताओं ने पंजाबी बहुल इलाकों में बादल और मक्कड़ के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। साथ में कांग्रेस उम्मीदवार के पक्ष में वोट डालने का आह्वान किया। सिखों ने बादल के खिलाफ इश्तहार बांटे।
रोड शो का नेतृत्व एचएसजीएमसी सदस्य गुरमीत सिंह तिलोकेवाला, जसवीर सिंह भाटी, जीत सिंह खालसा, महंत शिवानंद और मलकीत खालसा कर रहे थे। गांव ओढ़ां से शुरू होकर यह रोड शो जलालआना, जगमालवाली, असीर, हस्सू, नौरंग, चट्ठा, तिगड़ी, फुल्लो, देसूजोधा, पन्नीवाला मोरिकां, जोगेवाला, मांगेआना, गांव डबवाली के बाद शहर डबवाली में पहुंचा। एक दिवसीय हरियाणा सिख जागृति रोड शो हलका डबवाली के 32 गांवों में पहुंचा।
डबवाली में पत्रकारों से बातचीत में एचएसजीएमसी सदस्य जसवीर सिंह भाटी ने कहा कि 1966 में सोची समझी साजिश के तहत प्रकाश सिंह बादल ने अपने निजी हितों के लिए हरियाणा के सिखों को चौटाला परिवार के पास पूरी तरह से गिरवी रख दिया।
वे हरियाणा के गुरुद्वारों के गोलक की कमाई पंजाब ले गए। हरियाणा के गुरुद्वारों की जमीनों को हड़पने के लिए मीरी पीरी ट्रस्ट बनाया।
11 जुलाई 2014 को हुड्डा सरकार ने एचएसजीएमसी का बिल विधानसभा में पास किया। बादल के इशारे पर चौटाला की इनेलो और भाजपा ने इसका विरोध किया।