चंडीगढ़। शहर में डेंगू के साथ चिकनगुनिया के केस सामने आने से स्वास्थ्य विभाग की चिंता बढ़ गई है। देखते ही देखते डेंगू के मरीजों की संख्या 140 हो गई है। इसमें से 88 मरीज सिर्फ सितंबर महीने में मिले हैं। वहीं, चिकनगुनिया के दो मरीजों के मिलने से संक्रमण का खतरा बढ़ने लगा है। डॉक्टरों का कहना है कि दोनों ही बुखार में अब मरीजों के शरीर में चकत्ते और जोड़ों में दर्द की शिकायत होने लगी है। मरीज लक्षण दिखते ही बिना देर किए जांच कराएं। अगर जांच में पुष्टि हो जाए तो डॉक्टर की सलाह के अनुसार दवा और आहार लें। ऐसा करने से संक्रमण का असर लंबे समय तक नहीं रहेगा। दूसरी ओर, लोग बुखार में जांच कराने से बच रहे हैं जबकि इसकी जांच पीजीआई समेत सभी सरकारी अस्पतालों में निशुल्क की जा रही है। जीएमएसएच-16 के चिकित्सा अधीक्षक डॉ. वीके नागपाल ने बताया कि यह एक वायरस है, जो संक्रमित मादा मच्छर एडीज एजिप्टी और एडीज एल्बोपिक्टस के काटने से फैलता है। यह मच्छर ज्यादातर घर के बाहर दिन के समय काटते हैं। इस वायरल इंफेक्शन की पहचान तेज बुखार के साथ मांसपेशियों और जोड़ों में दर्द से होती है। इसके अलावा सिर दर्द, चक्कर, थकान और रैशेज़ लक्षण हो सकते हैं। वहीं डेंगू भी मच्छरों के कारण ही फैलता है। इन दोनों बीमारियों से बचाव के लिए सबसे ज्यादा जरूरी है कि मच्छरों से खुद को बचाया जाए। हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉ. नीरज गुप्ता का कहना है कि बुखार के कारण जोड़ों में दर्द होता है। लोग खुद को क्रियाशील रखें। इससे दर्द से आराम मिलेगा। दर्द से बचाव के लिए बिना डॉक्टर के सलाह पेन किलर लेने से बचें।
इनसेट-
चिकनगुनिया में ये लक्षण हैं आम
- हाथों और पैरों में चकत्ते होना
-विभिन्न जोड़ों में दर्द होना
- मांसपेशियों में दर्द, सिरदर्द एवं थकान
- पीठ में गंभीर दर्द
- आंखों में पीड़ा एवं कंजेक्टिवाइटिस होना
- नींद न आना, कमजोरी लगना
- गले में खराश होना
इनसेट-
चिकनगुनिया के मरीज को दें ये आहार
-आहार के रूप में नारियल पानी का सेवन करना चाहिए।
- ताजी हरी पत्तेदार सब्जियांं- हरी सब्जियों का सूप
-सेब का सेवन करवाएं।
-विटामिन-सी युक्त खाद्य पदार्थ
-विटामिन-ई एवं जिंक युक्त खाद्य पदार्थ
- मांसाहारी भोजन न दें
नोट- यह जानकारी पीजीआई की आहार विशेषज्ञ प्रो. पूनम खन्ना ने दी।
इनसेट-
मदद चाहिए तो इन नंबरों पर करें कॉल
डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया से बचने के लिए स्वास्थ्य विभाग की ओर से जारी किए गए हेल्पलाइन नंबर-76260-02036 पर संपर्क कर सकते हैं।
इनसेट-
यहां हो रही डेंगू जांच
पीजीआई, जीएमसीएच-32, जीएमएसएच-16, सिविल अस्पताल मनीमाजरा, सिविल अस्पताल सेक्टर-22 और सिविल अस्पताल सेक्टर-45
इनसेट-
पांच वर्षों में डेंगू की स्थिति ये थी सितंबर में
साल डेंगू के मरीज सितंबर में
2018 56
2019 30
2020 19
2021 65
2022 212
2023 140
इनसेट-
पांच वर्षों में चिकनगुनिया की स्थिति ये थी सितंबर में
साल चिकनगुनिया के मरीज सितंबर में
2018 2
2019 0
2020 0
2021 0
2022 6
2023 2
कोट- मच्छरजनित बीमारियों से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग हर स्तर पर कार्य कर रहा है, लेकिन इसमें तब तक सफलता नहीं मिल पाएगी, जब तक जनता का सहयोग नहीं मिलता। इसलिए जागरूक बनिए, मच्छरों से खुद को बचाइए। अपने घर के अंदर और बाहर मच्छर न पनपने दें। ऐसा करके आप खुद को सुरक्षित रखने के साथ ही संक्रमण से बचाव में स्वास्थ्य विभाग का सहयोग भी कर सकते हैं।
-अजय चगती, स्वास्थ्य सचिव