- रिटायर्ड काॅलेज प्रिंसिपल्स एंड टीचर्स फेडरेशन हरियाणा ने की बैठक
- कैशलैस मेडिकल सेवा के साथ-साथ अन्य मांगों को लेकर किया मंथन
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। हरियाणा में रिटायर्ड काॅलेज प्रिंसिपल्स और टीचर्स को समय पर पेंशन न मिलने से शिक्षकों ने रोष जाहिर किया है। साथ ही मांग उठाई कि उनकी पेंशन ट्रेजरी के माध्यम से दी जाए, ताकि हर बार होने वाली देरी से बचा जा सके। सेवानिवृत्त शिक्षकों ने कैशलेस सुविधा के लिए भी मांग रखी है। इस संंबंध में रिटायर्ड कॉलेज प्रिंसिपल्स और टीचर्स फेडरेशन हरियाणा की को-ऑर्डिनेशन कमेटी की वर्चुअल बैठक हुई। बैठक की अध्यक्षता प्रोफेसर डीआर चौधरी ने की। फेडरेशन के प्रेस प्रवक्ता डॉक्टर केआर भारद्वाज ने बताया कि बैठक में सेवानिवृत्त शिक्षकों से संबंधित मांगों पर मंथन किया। उन्होंने कहा कि एक जनवरी 2016 से पहले सेवानिवृत होने वाले शिक्षकों के लिए सातवें वेतन आयोग अनुसार वेतन सुधार के लाभ की मांग की गई, क्योंकि यह हरियाणा सरकार ने हमारे समकक्ष को पहले ही दी हुई है। इसलिए शिक्षकों के साथ सौतेला व्यवहार न किया जाए। उन्होंने कहा कि हरियाणा में 20 साल की सेवाकाल के बाद पूरी पेंशन का लाभ दिया जाता है, लेकिन सहायता प्राप्त सेवानिवृत्ति प्राध्यापकों को इससे वंचित रखा है, सरकार इस पर भी संज्ञान ले। मौके पर डॉ. आरआर मलिक, डाॅ. बी दीक्षित, डॉ. युवी सिंह, प्रोफेसर अरोड़ा, डॉ. नितिन मेहंदी रत्ताष, डॉ. केसी वशिष्ठ, डॉ. केआर भारद्वाज, डॉ. सुरेंद्र शर्मा रोहतक, प्रोफेसर प्रीतम सिंह बेनीवाल आदि मौजूद रहे।