पंजाब कांग्रेस प्रधान कैप्टन अमरिंदर सिंह ने मोहाली इंटरनेशनल एयरपोर्ट का नाम शहीद भगत सिंह के बजाय आरएसएस नेता डॉ. मंगल सेन के नाम पर रखे जाने के प्रस्ताव का जोरदार विरोध किया है।
उन्होंने कहा कि यह भाजपा द्वारा केसरियावाद की दिशा में एक और कदम है, लेकिन कांग्रेस अपने एयरपोर्ट को किसी भी कीमत पर केसरिया नहीं बनने देगी।
उन्होंने केंद्र सरकार के सामने यह मुद्दा न उठा कर चुप बैठे सीएम प्रकाश सिंह बादल की निंदा की। कैप्टन ने कहा कि उनकी जानकारी में आया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी चंडीगढ़ एयरपोर्ट का नाम डॉ. मंगल सेन के नाम पर रखने के हरियाणा सीएम मनोहर लाल खट्टर के प्रस्ताव को मान गए हैं, लेकिन कांग्रेस किसी भी कीमत पर ऐसा नहीं होने देगी।
कैप्टन ने कहा कि चंडीगढ़ एयरपोर्ट के नाम पर पंजाब का दावा उचित है क्योंकि केंद्र शासित प्रदेश उसका है। इसके अलावा एयरपोर्ट का नाम उस आरएसएस नेता के नाम पर जो, सिर्फ दो साल हरियाणा का डिप्टी सीएम रहा है, रखने के बजाय शहीद भगत सिंह के नाम पर रखना चाहिए।
शहीद भगत सिंह को यह सम्मान मिलना चाहिए क्योंकि उन्होंने देश की आजादी के लिए अपनी जिंदगी कुर्बान कर दी। सारा देश चंडीगढ़ एयरपोर्ट को शहीद भगत सिंह का नाम दिए जाने का स्वागत करेगा, जो हरेक के दिल में बसते हैं, न कि सेन के नाम पर, जिस पर भाजपा एयरपोर्ट का नाम रखना चाहती है।
कैप्टन ने चेतावनी दी कि अगर केंद्र सरकार ने एयरपोर्ट को डॉ. मंगल सेन का नाम देने संबंधी प्रस्ताव को आगे बढ़ाया तो कांग्रेस इसका जोरदार विरोध करेगी। उन्होंने एयरपोर्ट का नाम शहीद भगत सिंह के नाम पर रखने के मामले में अपना पक्ष स्पष्ट न करने पर सीएम बादल की भी आलोचना की।