एंबुलेंस और अन्य आपात सेवा वाहनों पर अब लाल व नीले रंग की बहुरंगी बत्ती लगाई जा सकेगी। पंजाब सरकार ने वीआईपी और उच्च अधिकारियों के वाहनों के लिए विभिन्न रंगों की बत्तियों के इस्तेमाल के संबंध में नोटीफिकेशन जारी कर दिया है।
जिसके मुताबिक मुख्य संसदीय सचिव, प्रधान सचिव, डीजीपी, एडीजीपी, जोनल आईजी रैंक के अधिकारियों, डिप्टी कमिश्नर, जिला व सेशन जज, सिटी पुलिस कमिश्नर और जिलों में तैनात एसएसपी रैंक के अधिकारी अपने वाहनों पर संतरी रंग की बत्ती लगा सकेंगे। लेकिन वह तभी वाहन पर लगाई जा सकेगी, जब अधिकारी ड्यूटी पर हों।
अधिकारी के निजी दौरे पर बत्ती कवर होनी चाहिए। अधिकारी वाहन में न बैठा हो तो भी बत्ती का प्रयोग नहीं किया जा सकेगा।
लाल बत्ती के इस्तेमाल के लिए नोटीफिकेशन
ट्रांसपोर्ट विभाग के प्रवक्ता ने बताया कि एडीजीपी सिक्योरिटी की ओर से संतरी बत्ती के इस्तेमाल संबंधी स्टिकर जारी किया जाएगा। जिस पर संबंधित अधिकारी का पद, स्टिकर नंबर और वाहन नंबर लिखा होगा। इसकी सूचना ट्रांसपोर्ट विभाग को भी देनी होगी।
एंबुलेंस, वैक्सीन कैरियर व्हीकल, फायर और आपात सेवाएं वाहन, आपदा प्रबंधन वाहन, रिकवरी वाहन, कानून व्यवस्था की ड्यूटी वाले वाहन, मोटर व्हीकल विभाग के चेकिंग दस्ते, ट्रैफिक पुलिस और पीसीआर के चेकिंग दस्ते, वीआईपी एस्कॉर्ट वाहन और गश्त करने वाले वाहनों पर लाल और नीले रंग की बहुरंगी बत्ती इस्तेमाल की जा सकेगी। लाल बत्ती के इस्तेमाल के लिए पहले ही नोटीफिकेशन जारी किया जा चुका है।
ये महाशय करेंगे लालबत्ती का इस्तेमाल
पंजाब के राज्यपाल, मुख्यमंत्री, डिप्टी सीएम, कैबिनेट मंत्री, पूर्व राज्यपाल, पूर्व सीएम, पंजाब व हरियाणा हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस व जज, विधानसभा के स्पीकर, प्रदेश योजना बोर्ड के वाइस चेयरमैन और विधानसभा में विपक्ष के नेता के वाहनों पर फ्लैशर सहित लाल बत्ती इस्तेमाल की जाएगी।
इसी तरह मुख्य चुनाव अधिकारी, विधानसभा के डिप्टी स्पीकर, राज्यमंत्री, उपमंत्री, एडवोकेट जनरल, मुख्य सचिव, डीजीपी, पंजाब अल्पसंख्यक आयोग, एससी आयोग व लोक सेवा आयोग के चेयरमैन के वाहनों पर बिना फ्लैशर के लाल बत्ती निर्धारित की गई है।
राज्य प्रबंध-प्रोटोकॉल ब्रांच के चार वाहनों के लिए लाल बत्ती मंजूर की गई है। जो बाहर से आने वाली उन हस्तियों के पंजाब दौरे के समय प्रयोग होंगे, जिन्हें लाल बत्ती की मंजूरी हासिल है।