बदले हालात के बीच हरियाणा, पंजाब व चंडीगढ़ को हाईकोर्ट का आदेश
अदालतों में घटेंगे केस, नागरिकों को होगा लाभ व राज्य पर घटेगा अभियोजन का भार
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। कोरोना महामारी के दौरान इससे जुड़े नियमों का उल्लंघन करने पर दर्ज हुए आपराधिक मामलों को लेकर अहम आदेश देते हुए पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा, पंजाब व चंडीगढ़ को इन पर पुनर्विचार करने का आदेश दिया है।
याचिका दाखिल करते हुए कपूरथला निवासी परमिंदर सिंह ने हाईकोर्ट को बताया कि उसके खिलाफ 16 जून 2020 को कोरोना नियमों का उल्लंघन करने को लेकर एफआईआर दर्ज की थी और 11 जुलाई 2022 को उसे भगोड़ा करार दे दिया गया। याची ने मामले में कोरोना नियमों के उल्लंघन के आरोपों को नकारते हुए एफआईआर रद्द करने व इससे जुड़ी आगे की कार्रवाई रद्द करने की अपील की है। हाईकोर्ट ने कहा कि बड़ी संख्या में ऐसे मामले कोर्ट में लंबित हैं, जहां अनजाने में और कानून तोड़ने की मंशा के बिना नियमों का उल्लंघन होने के चलते एफआईआर दर्ज की गई। अब हालात बदल गए हैं और ऐसे में हरियाणा, पंजाब व चंडीगढ़ को बदले हालात के बीच इन आपराधिक मामलों को लेकर फिर से विचार करना चाहिए। इससे अदालतों में केस घटेंगे, नागरिकों को राहत मिलेगी और राज्य पर अभियोजन का भार घटेगा।