डीजीपी ने बताया कि बीज कंट्रोल ऑर्डर कानून की धाराओं 3, 8, 9, जरूरी वस्तुएं कानून की धाराओं 2, 3, 7 और आईपीसी की 420 के तहत मुख्य कृषि अफसर की शिकायत पर केस दर्ज किया गया है। गिरफ्तार व्यक्ति की पहचान बलजिंदर सिंह उर्फ बालीआं निवासी भूंदड़ी जिला लुधियाना के तौर पर हुई है।
बीज घोटाले में यह दूसरी गिरफ्तारी है। इस पहले हरविंदर सिंह उर्फ काका बराड़ को गिरफ्तारी किया गया था। बलजिंदर सिंह जगराओं में 34 एकड़ जमीन का मालिक है और पीएयू (पंजाब कृषि विश्वविद्यालय) द्वारा गठित किसान एसोसिएशन का सदस्य है। यह एसोसिएशन किसानों को नए बीज व तकनीकों संबंधी जानकारी देती है।
नए बीज की पैदावार के नतीजों का मूल्यांकन करने के लिए उसे परखने के लिए धान के नए विकसित बीज पीआर-128 और पीआर-129 दिए। उसने चोरी छिपे इसके अतिरिक्त बीज तैयार किए और उन्हें बराड़ बीज स्टोर को बेच दिए। यह गैर कानूनी था क्योंकि केंद्रीय बीज नोटीफाइड कमेटी ने अभी इसे प्रमाणित भी नहीं किया था।
पंजाब कृषि विश्वविद्यालय को भी अपना प्रोटोकाल बदलने के निर्देश
पीएयू (पंजाब कृषि विश्वविद्यालय) को अपना प्रोटोकाल बदलने के लिए कहा गया है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि भविष्य में कोई भी व्यक्ति अनाधिकृत तौर पर परख अधीन बीज खरीदने और आम लोगों को बेचने के योग्य न हो सके।