पठानकोट में तड़पती महिला और नाराजगी जताता उसका पति।
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पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री चेतन सिंह जौड़ामाजरा ने चार सदस्यीय जांच समिति को पठानकोट के सिविल अस्पताल में फर्श पर ही प्रसव मामले की रिपोर्ट मंगलवार तक सौंपने का आदेश दिया है। जौड़ामाजरा ने जिला परिवार कल्याण अधिकारी डॉ. राज कुमार, डिप्टी मेडिकल कमिश्नर डॉ. वंदना कुंडल, स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. हरनवनीत, सीनियर मेडिकल अफसर डॉ. बिंदु गुप्ता पर आधारित चार सदस्यीय समिति मामले की जांच के लिए गठित की थी।
इस समिति को चार अक्तूबर तक अपनी जांच रिपोर्ट सौंपने का आदेश दिया गया है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि विभाग के स्टाफ की तरफ से किसी भी तरह की ढील बर्दाश्त नहीं की जाएगी। जब से उन्होंने स्वास्थ्य मंत्री के तौर पर पद संभाला है, उनकी तरफ से स्टाफ को मरीजों के साथ नम्रता से पेश आने के लिए सख्त हिदायत दी जा रही है।
इस जांच में लापरवाही बरतने वाले कर्मचारी दोषी पाए गए तो उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। गौर हो कि पठानकोट के सिविल अस्पताल में बीते दिनों चिकित्सा सुविधा न मिलने के कारण एक महिला का फर्श पर ही प्रसव हो गया था। इसके बाद यह मामला गरमा गया था।