चंडीगढ़। आम आदमी पार्टी के विधायक हरमीत सिंह पठानमाजरा की पत्नी सिमरनजीत कौर की सुरक्षा की मांग को लेकर दाखिल याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से पूछा है कि पठानमाजरा पर कितनी एफआईआर दर्ज हैं। सिमरनजीत कौर ने याचिका दायर कर अपने और परिवार की सुरक्षा की गुहार लगाई है। याचिका के अनुसार उनके पति ने सिंचाई विभाग के अधिकारियों पर नदियों में पानी छोड़े जाने और गाद निकालने की अनुमति के मामले में सरकार को गुमराह करने का आरोप लगाया था। उनके हलके के 11 गांव बाढ़ से प्रभावित हुए लेकिन सरकार ने घग्गर नदी के किनारे मजबूत करने के लिए मिट्टी के उपयोग की अनुमति तक नहीं दी। याचिकाकर्ता ने कहा है कि विधायक के बयान वायरल होने के बाद सरकार ने नाराजगी जाहिर की और उनके परिवार की सुरक्षा वापस ले ली गई।
साथ ही, क्षेत्र के सभी थानेदारों का तबादला कर दिया गया। इसी बीच गुरप्रीत कौर नामक महिला की शिकायत पर उनके पति के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर दी गई जो असल में उनकी दूसरी पत्नी है। इतना ही नहीं, विधायक को गैंगस्टर बताने की कोशिश की जा रही है और उनकी फर्जी मुठभेड़ किए जाने का खतरा है।
पठानमाजरा की पत्नी ने कोर्ट को बताया कि उनको यह भी नहीं पता कि उनके खिलाफ कितने मामले दर्ज हैं। इस पर हाईकोर्ट ने पंजाब सरकार से पूछा कि कोर्ट को अगली सुनवाई पर यह बताया जाए कि पठानमाजरा के खिलाफ कितनी एफआईआर दर्ज हैं। सुनवाई के दौरान पंजाब सरकार ने बताया कि पठानमाजरा की जमानत याचिका ट्रायल कोर्ट से खारिज हो चुकी है और वह फरार हैं।