लोकसभा चुनाव के लिए पंजाब में सियासी पारा चढ़ने लगा है। शिरोमणि अकाली दल से गठबंधन के तहत भाजपा को अमृतसर, गुरदासपुर और होशियारपुर सीट मिली है। इसमें अमृतसर सबसे हॉट सीट मानी जा रही है। यहां से तीन बार से सांसद रहे क्रिकेटर नवजोत सिंह सिद्धू का टिकट काटकर भाजपा के कद्दावर नेता अरुण जेटली को उतारा गया है। उनकी टक्कर प्रदेश कांग्रेस के दिग्गज नेता और पूर्व मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह से हैं। भाजपा के प्रदेश प्रधान कमल शर्मा अमर उजाला से बातचीत में सिद्धू की नाराजगी और रणनीति पर खुलकर चर्चा की।
1 अप्रैल के बाद सिद्धू करेंगे चुनाव प्रचार
प्रश्नः बीते लोकसभा चुनाव में भाजपा ने तीन में से महज एक सीट जीती थी। इस बार तीनों सीटों पर जीत के प्रति आप कितने आश्वस्त हैं?
उत्तरः इस बार भाजपा-शिअद गठबंधन प्रदेश की सभी 13 सीटें जीतेगी। भाजपा के तीनों उम्मीदवार योग्य और जनता के बीच लोकप्रिय हैं। देश में मोदी की हवा चल रही है।
प्रश्नः लेकिन सिद्धू को पार्टी ने दरकिनार कर दिया है। वे प्रचार में कहीं दिख नहीं रहे हैं।
प्रश्नः नवजोत सिंह सिद्धू भारतीय जनता पार्टी के स्तंभ हैं। टिकट देने या नहीं देने का फैसला हाईकमान करता है। सिद्धू पार्टी के सिपाही हैं। वे एक अप्रैल के बाद अरुण जेटली के लिए चुनावी मैदान में उतरेंगे। पार्टी के प्रति सिद्धू की कोई नाराजगी नहीं है।
मिस पूजा और कैप्टन अमरिंदर के मुद्दे पर ये कहा
प्रश्नः भाजपा में मिस पूजा जैसी नामचीन गायिका को शामिल किया गया। होशियारपुर से उनका टिकट तय माना जा रहा था। चुनाव के दौरान वे भी नजर नहीं आ रही हैं?
उत्तरः पार्टी में शामिल होने के दौरान मिस पूजा को इस तरह का कोई आश्वासन नहीं दिया गया था। वे भाजपा की सदस्य हैं और पार्टी के लिए आने वाले दिन में प्रचार भी करेंगी। मिस पूजा ही नहीं, प्रीति सप्रूभी प्रचार के लिए उतरेंगी।
प्रश्नः चुनाव के दौरान कांग्रेस आपरेशन ब्लू स्टार के मुद्दे पर अरुण जेटली को घेर रही है। पार्टी ने इसके लिए क्या रणनीति बनाई है?
उत्तरः कैप्टन अमरिंदर सिंह के पास कोई मुद्दा नहीं है। वे केंद्र सरकार का क्या गुणगान करते? करप्शन, महंगाई और बेरोजगारी या सरहदी सुरक्षा में विफलता? जब कोई मुद्दा नहीं मिला तो आपरेशन ब्लू स्टार शुरू कर दिया। आपरेशन ब्लू स्टार करवाया किसने था? साफ है कि कांग्रेस ने करवाया था फिर कैप्टन उस पार्टी में क्यों हैं?
हमारे यहां कांग्रेस जैसा हाल नहीं
प्रश्नः टिकट बंटवारे को लेकर पार्टी में काफी असंतोष देखा जा रहा है?
उत्तरः पार्टी के भीतर कोई विरोध नहीं है। भाजपा एक ऊंचाई पर जा रही पार्टी है और टिकट लेने की इच्छा हरेक के मन में होती है। हमारे यहां कांग्रेस जैसा हाल नहीं है। बिट्टू आनंदपुर साहिब से भागे और लुधियाना में आकर गिरे। अब कांग्रेस का हाल देखो। खडूर साहिब से हरमिंदर गिल को टिकट दे दिया। बताओ हरमिंदर गिल पर तो आतंकवाद से जुड़े होने का आरोप है। वह सिख स्टूडेंट फेडरेशन से थे। उनको कैप्टन ही कांग्रेस में लेकर आए थे। कांग्रेस से यह पूछा जाए कि उसने गिल को टिकट क्यों दे दिया? क्या कांग्रेस आतंकवाद का समर्थन करती है? कांग्रेस के जालंधर से सांसद मोहिंदर सिंह केपी तो होशियारपुर भाग गए। होशियारपुर में हमारा उम्मीदवार 10 साल से मैदान में वर्क कर रहा है। कांग्रेस को तो उम्मीदवार ही नहीं मिल रहे थे। सारे दिग्गजों को डंडे के बल पर चुनाव मैदान में उतारा गया।
अराजकता का माहौल खड़ा कर रखा है कांग्रेस ने
प्रश्नः प्रदेश की गठबंधन सरकार के प्रति भी लोगों के मन में काफी नाराजगी है। कैसे वोटरों को खींच पाएंगे आप?
उत्तरः प्रदेश सरकार के प्रति लोगों के मन में कतई गुस्सा या गिला नहीं है। अगर होता तो हम 2012 में क्या दोबारा सरकार बना पाते। लोग कांग्रेस की नीतियों से तंग आए हुए हैं। हर तरफ अराजकता का माहौल खड़ा कर रखा है कांग्रेस ने। लोग केंद्र सरकार के खिलाफ वोट देंगे और देखना पंजाब में गठबंधन पार्टी सारी सीटों पर जीत हासिल करेगी।