चंडीगढ़। पंजाब यूनिवर्सिटी के अर्थशास्त्र विभाग की शोधार्थी आरुषि जैन को भारतीय रिजर्व बैंक में रिसर्च एसोसिएट की जिम्मेदारी मिली है। जी-20 की मेजबानी के लिए भारतीय रिजर्व बैंक ने अपने साथ देशभर से आठ रिसर्च एसोसिएट को चुना है।
नौ महीनों के इस पद नियुक्ति के दौरान आरुषि को 1.2 लाख महीना वेतन मिलेगा। इसमें उन्हें भारत सरकार और अंतरराष्ट्रीय संगठनों व अन्य हित धारकों के बीच तालमेल बनाए रखने, देशभर में जी-20 के विभिन्न कार्यक्रमों, सेमिनारों के आयोजनों में मदद करनी होगी। पीयू से अर्थशास्त्र में पांच साल का इंटिग्रेटिड प्रोग्राम कर रहीं आरुषि यूजीसी-जेआरएफ पास कर चुकी हैं। उन्होंने चार अंतरराष्ट्रीय व राष्ट्रीय कांफ्रेंस में अपने रिसर्च पेपर भी प्रस्तुत किए हैं। भविष्य की योजनाओं को साझा करते हुए आरुषि ने बताया कि आर्थिक समस्याओं को शोध के नजरिए व सार्वजनिक नीतियों का मूल्यांकन कर मैं अपनी रिसर्च द्वारा भारत की अर्थव्यवस्था के समक्ष मौजूद चुनौतियों को सुलझाना चाहती हूं।