मनीमाजरा। सीबीएसई 12वीं का परीक्षा परिणाम आने के बाद खुशी में मिठाई और समोसे खरीदने गए 17 साल के समर को चंडीगढ़ पुलिस ने बालों से पकड़कर घसीटते हुए जमकर पीटा। इसकी खबर मिलते ही गांव निवासियों ने किशनगढ़ चौक पर जाम लगाकर पुलिस के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। इससे आईटी पार्क और पंचकूला की ओर से जाने वालों वाहनों की लंबी कतार लग गई। जाम की सूचना मिलते ही आईटी पार्क थाना प्रभारी पुलिस फोर्स के साथ मौके पर पहुंचे। उन्होंने लोगों को काफी समझाया, लेकिन गांव के लोग नहीं माने। वह पुलिस कर्मचारी के खिलाफ कार्रवाई की मांग पर अड़े रहे।
इसी बीच स्थानीय लोगों को समझाने और जाम खुलवाने के लिए नॉर्थ र्ईस्ट डिवीजन के डीएसपी पी अभिनंदन भारी पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंचे। स्थानीय लोगों ने उनके सामने सब इंस्पेक्टर की ओर से छात्र की पिटाई का विरोध जताया। अपनी सुनवाई न होती देख भारी विरोध और धक्कामुक्की के बीच किसी ने डीएसपी का कॉलर पकड़ लिया। इसके बाद पुलिस ने लाठीचार्ज कर दिया। इस पर लोग इधर-उधर भागने लगे। इसी बीच पुलिस ने तीन लोगों को हिरासत में ले लिया। इनमें भजन सिंह लुबाना उर्फ माडू के बेटे पंचकूला नगर निगम वार्ड नंबर से पार्षद नरेंद्र लुबाना, बबलू वर्मा व धर्मपाल को पुलिस पकड़कर अपने साथ थाने ले गई। इसके विरोध में एक बार फिर किशनगढ़ गांव के लोगों ने रात साढ़े आठ बजे आईटी पार्क थाने का घेराव शुरू कर दिया। इस खबर मिलते ही भाजपा के प्रदेश अध्यक्ष जतिंदर पाल मल्होत्रा, उपाध्यक्ष रामवीर भट्टी, जिला का चुनाव प्रभारी कंवर कबोज, जिला प्रधान भूपिंदर सोनी, प्रदेश महामंत्री हुकम चंद, पंचकूला के कई पार्षद व अन्य राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि पहुंच गए। इस दौरान एसपी मृदुल आईटी पार्क थाना पहुंचे। उन्होंने दोनों पक्षों की बात सुनी और देर रात पुलिस ने पार्षद नरेंद्र लुबाना समेत तीनों को छोड़ दिया।
जानकारी के मुताबिक 12वीं का छात्र समर अपने दोस्त आकाश के साथ एक्टिवा पर शाम साढ़े 6 बजे हलवाई की दुकान से समोसे और मिठाई लेने गया था। इस दौरान गांव में यूटी पुलिस के सब इंस्पेक्टर पुलिस स्टाफ के साथ पेट्रोलिंग कर रहे थे। समर पुलिस को देखकर डर गया और एक्टिवा लेकर गिर गया। आरोप है कि इसी बीच दौरान सब इंस्पेक्टर ने उसे बालों से पकड़कर 10-12 थप्पड़ मारे और बालों से पकड़ कर खसीटते हुए लगभग 200 मीटर दूर खड़ी पुलिस की गाड़ी तक ले गए।
इसकी सूचना मिलने पर समर के पिता पूर्व पंच गुरबक्श सिंह काला मौके पर पहुंचे और पुलिस की ओर से बेटे के साथ मारपीट का विरोध जताया। गुरबक्श सिंह काला ने आरोप लगाया कि पुलिस ने उनके बेटे को बालों से पकड़कर थप्पड़ मारने के साथ डंडों से जमकर पीटा है। समर की पीठ पर पिटाई के निशान भी हैं। उन्होंने कहा कि अगर पुलिस को एक्टिवा जब्त करनी थी तो करती लेकिन 17 साल के बेटे की बेरहमी से पिटाई का क्या औचित्य है। समर ने बताया कि वह परीक्षा परिणाम की खुशी में मिठाई खरीदने गया था। पुलिस को देखकर घबरा गया और एक्टिवा गिरते ही सब इंस्पेक्टर ने पकड़कर पीटना शुरू कर दिया।
पुलिस के लाठीचार्ज से भगदड़, एक गंभीर
किशनगढ़ चौक पर जाम के दौरान मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन भजन लुबाना उर्फ माडू, मार्केट कमेटी के पूर्व चेयरमैन कुलविंदर सिंह काला समेत अन्य लोग भी पहुंचे थे। पुलिस के लाठीचार्ज करने पर मची भगदड़ में भजन लुबाना सड़क पर गिर गए। हालत बिगड़ने पर परिजन उन्हें उठाकर मनीमाजरा अस्पताल ले गए, जहां से जीएमसीएच-32 रेफर कर दिया गया। इसके बाद लोग भड़क गए और डीएसपी के साथ बहस पर उतर आए। इसमें उनका चश्मा जमीन पर गिर गया था। यह देखते ही पुलिस ने दोबारा लाठीचार्ज कर लोगों को दौड़ाया। लाठीचार्ज के बाद महिलाएं और लोग किशनगढ़ गांव के अंदर गलियों में घुस गए। पुलिस ने गांव के अंदर घुसकर लोगों को उनके घरों तक खदेड़ा। पुलिस जाम लगाने और पुलिसकर्मियों के साथ हाथापाई करने वालों की देर रात तक पहचान करने में लगी हुई है।
एसएसपी चंडीगढ़ कंवरदीप कौर ने बताया कि एक एक्टिवा पर तीन नाबालिग जा रहे थे। इन्होंने एक सब इंस्पेक्टर के पैर पर स्कूटर चढ़ा दिया। इसके बाद उनका स्कूटर जब्त कर चालान काट दिया। इसके बाद किशनगढ़ के लोगों ने सड़क जाम कर दी। इसमें वे लोग भी शामिल थे, जिनके होटल में 15 दिन पहले पुलिस ने छापा मारकर हुक्का बार पकड़ा था। इसमें ज्यादातर होटल मालिक के समर्थक शामिल थे। पुलिस मामले की जांच कर रही है। इसके बाद आगाम कार्रवाई होगी।