चंडीगढ़ के आईजी तेजिंदर सिंह लूथरा की किताबा का विमोचन
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पुलिस वाले लोगों पर नजर रखते हैं, लेकिन अब पुलिस वालों पर भी नजर रखी जाएगी। इसके लिए विभाग ने बड़ा कदम उठाया है। चंडीगढ़ पुलिस विभाग ने रात के वक्त पीसीआर में तैनात कर्मचारियों पर नजर रखने के लिए डीएसपी पीसीआर ने टीम बनाई है। पीसीआर में तैनात कर्मचारियों पर रात के वक्त नाजायज ढंग से वाहन चालकों को रोककर उगाही करने के आरोप लग रहे है।
लोगों की शिकायत थी कि रात को सड़कों पर तैनात पीसीआर वाले वाहन चालकों को रोक कर परेशान करते है और चालकों को चालान का डर दिखाकर पैसे वसूलते थे। बता दे कि अमर उजाला ने 17 जून के संस्करण में इस खबर को प्रमुखता से छापा था। जिसके बाद विभाग ने चैकिंग करने का फैसला लिया है। डीएसपी पीसीआर दीपक यादव ने बताया कि रात के वक्त शहर में अलग अलग जगहों पर 60 पीसीआर तैनात रहती है।
ऐसी शिकायतें मिली थी कि रात को पीसीआर वाले लोगों को परेशान कर रहे है। पीसीआर वालों पर नजर रखने के लिए टीम की गठन किया गया है। जो कि रात केवक्त औचक पीसीआर वालों की औचक चैकिंग करेंगी। अगर कोई इस तरह गतिविधि में लिप्त पाया गया तो उसकेखिलाफ सख्त कार्रवाई होगी। डीएसपी ने बताया था कि शहर के एंट्री प्वाइंट्स पर तैनात पीसीआर होती है उनकी शिकायते आई है कि वो दूसरे राज्यों के वाहनों को रोककर परेशान करते है।
इन्ही बातों को देखते हुए रात को पीसीआर वाहनों को चैक किया जाएगा। पीड़ितों का कहना था कि रात के वक्त पीसीआर वाले उनको हाईबीम व गलत ढंग की नंबर प्लेट के साथ चलने का कह कर रोकते है और चालान काटने की धमकी देते है। जिसके बाद लोगों से पैसे लेकर छोड़ देते है।