-तावड़ू के गांव खोरी खुर्द में एकत्रित किया जाता है एनसीआर का केमिकल कचरा
-रात में इस कचरे में लगा दी जाती है आग, लोग गैस चैंबर जैसी स्थिति में रहने को मजबूर
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। एनसीआर से एकत्रित औद्योगिक कचरे व केमिकल को तावड़ू के गांव खोरी खुर्द में जलाने से स्थानीय लोगों को गैस चैंबर जैसी स्थिति में जीने को मजबूर होना पड़ रहा है। इस विषय को लेकर दाखिल जनहित याचिका पर पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट ने हरियाणा सरकार सहित अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है। याचिका दाखिल करते हुए स्थानीय निवासी उस्मान खान ने एडवोकेट सौरव भाटिया के माध्यम से हाईकोर्ट को बताया कि गांव खोरी खुर्द राजस्थान की सरहद पर मौजूद हैं। गांव में 200 से अधिक परिवार रहते हैं। यहां पर कुछ लोगों ने खाली पड़ी भूमि पर कब्जा कर लिया है और एनसीआर से औद्योगिक कचरा एकत्रित कर यहां लाया जाता है और रात को आग लगा दी जाती है। यह कचरा केमिकल युक्त होता है और ऐसे में इसको जलाने से स्थानीय निवासियों के लिए गैस चैंबर में होने जैसी स्थिति बन जाती है। इसके साथ ही इस कचरे से रिसने वाले केमिकल जल के माध्यमों में मिल रहे हैं और फसलों को बर्बाद कर रहे हैं। इस बारे में डीसी से लेकर विभिन्न स्तर पर शिकायतों के बावजूद कोई कदम नहीं उठाया गया। ऐसे में याचिकाकर्ता को हाईकोर्ट की शरण लेनी पड़ी है। हाईकोर्ट ने मामले को गंभीरता से लेते हुए हरियाणा सरकार व अन्य प्रतिवादियों को नोटिस जारी करते हुए जवाब दाखिल करने का आदेश दिया है।