पंजाब का बार्डर एरिया सैकड़ों किलोमीटर तक फैला हुआ है। भारत-पाकिस्तान सीमा पर फेंसिंग के दोनों ओर किसान खेती करते हैं। इन दिनों इस एरिया में सबसे ज्यादा गेहूं की फसल लगी हुई है। जोकि अच्छी खासी बढ़ी हो चुकी है। यही मौका तस्करों के लिए सबसे बढ़िया माना जाता है, क्योंकि बार्डर पार से फेंका गया नशे का पैकेट, फसल की आड़ में छिपा रहता है। गश्त करने वाले बीएसएफ जवानों की नजर भी आसानी से यहां नहीं पड़ती और स्थानीय तस्कर मौका लगते ही फसलों में छिपा पैकेट ले उड़ते हैं।
दो महीनों में करोड़ों की हेरोइन पकड़ी
- जनवरी में बार्डर एरिया अबोहर से बीएसएफ की 124 बटालियन ने 4 किलो हेरोइन पकड़ी। आधा-आधा किलो के 5 पैकेट थे।
- फिरोजपुर एरिया से बीएसएफ की 136 बटालियन ने आधा-आधा किलो के हेरोइन के दो पैकेट पकड़े।
- फिर से 124 व 136 बटालियन ने 2 पैकेट एक-एक किलो हेरोइन के पकड़े
- कोहरा का फायदा उठा तस्करों ने बार्डर पार से 2 किलो हेरोइन के 4 पैकेट फेंके। 136 बटालियन ने पकड़े।
- अमृतसर क्षेत्र में राजातल पोस्ट के पास 71 बटालियन ने चालीस किलो से अधिक हेराइन, 1 चाइना मेड पिस्तोल, 1 मैगजीन, 9 कारतूस पकड़ी।
- जनवरी में फिरोजपुर एरिया में 103 बटालियन ने 6 किलो से अधिक हेरोइन
- गुरदासपुर क्षेत्र में 58 बटालियन ने 23 किलो हेरोइन, 2 पिस्तौल, 90 जिंदा कारतूस पकड़े।
- अमृतसर की 71 बटालियन ने 12.52 किलो हेरोइन, 1 पिस्तौल, 1 मैगजीत व 9 जिंदा कारतूस पकड़े।
- 124 बटालियन ने 2 किलो हेरोइन व 71 बटालियन ने 1 पिस्तौल, 1 मैगजीन और 7 जिंदा कारतूस पकड़े।
- फरवरी में 136 बटालियन ने कोहरे में 2 किलो हेरोइन पकड़ी।
- 02 बटालियन ने 3 प्लास्टिक की बोतल में 3 किलो हेरोइन पकड़ी।
- 103 बटालियन ने 2 किलो व 124 बटालियन ने 4 किलो हेरोइन पकड़ी।