मार्च के दूसरे सप्ताह में तबादले के आदेश जारी कर दिए जाएंगे, अप्रैल के पहले सप्ताह में टीचर ज्वाइन कर लेंगे। ऑनलाइन आवेदन करने की तारीख के एक माह के अंदर तबादलों के और दौर भी हो सकते हैं। वास्तविक रिक्तियों के लिए क्वालिफाइंग तिथि, अंक गणना, ठहराव की गिनती हर साल 31 मार्च को होगी।
अंकों के आधार पर होगा फैसला
शिक्षामंत्री सिंगला ने बताया कि स्कूल अलॉट करने का फैसला टीचर द्वारा 250 में से लिए गए अंकों के आधार पर होगा। सबसे ज्यादा अंक लेने वाला टीचर तबादले का हकदार होगा। सेवा की अवधि के लिए सर्वाधिक 95 अंक मिलेंगे। 48 वर्ष की आयु पर एक, 49 वर्ष पर दो अंक मिलेंगे, आयु को देखते हुए अधिकतम दस अंक दिए जाएंगे।
महिलाओं, विधवाओं, विधुरों, विकलांग, गंभीर बीमार और अच्छा प्रदर्शन करने वाले टीचरों को 50 अंक मिलेंगे। नियुक्ति वाले स्कूल की ग्रेडिंग, पांच साल के औसत रिजल्ट पर भी विचार किया जाएगा। अगर टीचर के बच्चे सरकारी स्कूल में पढ़ते हैं तो 15 अंक दिए जाएंगे। मैटरनिटी और चाइल्ड केयर लीव के अलावा तीन माह से अधिक छुट्टी लेने वालों को नेगेटिव प्वाइंट्स मिलेंगे।
अगर दो टीचर छह दशमलव स्थानों तक समान अंक प्राप्त करते हैं तो उनमें महिला को प्राथमिकता मिलेगी। दोनों समान लिंग के हैं तो सीनियर को प्राथमिकता दी जाएगी। एक तबादले के बाद दो साल तक दोबारा आवेदन नहीं किया जा सकेगा। आपसी तबादले का अनुरोध आम तबादलों में इस शर्त पर स्वीकार किया जाएगा कि दोनों टीचरों ने 125 से ज्यादा अंक प्राप्त किए हों।
कैंसर मरीज, डायलेसिस पर चल रहे, साठ प्रतिशत विकलांग, हैपेटाइटिस बी व सी के मरीज, सिकल सेल एनीमिया, थैलेसीमिया, तलाकशुदा, जिनके बच्चे शारीरिक या मानसिक रूप से विकलांग हों, जंगी विधवा, कठिन क्षेत्र में तैनात सशस्त्र बल के कर्मचारी की पत्नी या पति पर यह नीति लागू नहीं होगी।
सूबे को कई जोन में बांटा
तबादला नीति के तहत राज्य को कई जोन में बांटा गया है, जिसका नोटिफिकेशन जारी कर दिया गया है। 27 जून से एक जुलाई तक एतराज मांगे जाएंगे, दो जुलाई को फैसले के बाद तीन को फाइनल नोटिफिकेशन जारी कर दिया जाएगा। चार से 11 जुलाई तक ट्रांसफर के लिए ऑनलाइन आवेदन किए जा सकेंगे। 12 जुलाई को नई तैनाती के आदेश जारी कर दिए जाएंगे। खाली हुए पदों पर 15-22 जुलाई तक फिर आवेदन मांगे जाएंगे। यह प्रक्रिया 31 जुलाई तक जारी रहेगी।