कोरोना काल में नए साल के स्वागत को लेकर मोहाली में देर रात तक पार्टियां नहीं हुई। नाइट कर्फ्यू होने के चलते ठीक साढ़े 9 बजे पुलिस ने बाजार बंद करवाने शुरू कर दिए थे। इसके साथ ही मार्केट्स की पार्किंग के प्रवेश द्वारों पर बैरिकेडिंग कर बंद कर दिया था। वहीं, सभी मुख्य सड़कों पर स्पेशल नाके लगाए गए थे। चंडीगढ़ या बाहरी राज्यों से होने वाले वाहनों पर विशेष नजर रखी गई। इतना हीं नहीं इस दौरान ड्रंक एन ड्राइव के स्पेशल नाके लगाए गए थे। वहीं, नियम तोड़ने वालों के चालान तक किए गए।
शहर में रात साढ़े 9 बजे तक ही पार्टी आदि को लेकर जिला प्रशासन की तरफ से अनुमति थी। ऐसे में अधिकतर लोगों ने भी पुलिस और प्रशासन का सहयोग दिया। इतना ही नहीं टाइम की पाबंदी के चलते कई लोगों को अपने आर्डर तक कैंसिल करवाने पड़े। दूसरी तरफ जहां साढ़े 600 जवान हुड़दंग मचाने वालों पर नजर रखने के लिए तैनात थे तो वहीं दूसरी तरफ पुलिस के तमाम अफसर भी रोड पर थे।
इतना ही नहीं एसएसपी पहले ही साफ कर चुके हैं कि कोरोना काल में किसी को भी नियम तोड़ने की अनुमति नहीं दी जा सकती। उन्होंने कहा कि सरकार की गाइडलाइन लोगों की सेहत को ध्यान में रखकर तैयार की गई है। बता दें कि इससे पहले व्यापार मंडल ने सरकार से मांग की थी कि 30 और 31 दिसंबर को रात 11 बजे तक दुकानें खोलने की अनुमति दी जाए। लेकिन कोरोना के चलते मंजूरी नहीं दी गई थी।
धार्मिक स्थानों पर हुए समागम
शहर के सभी मुख्य धार्मिक स्थानों पर साल-2020 को अलविदा कहने और साल-2021 का स्वागत करने के लिए धार्मिक समागम आयोजित किए गए। इस दौरान मंदिरों और गुरुद्वारों की शोभा देखते ही बन रही थी। हालांकि वहां पर रात 10 बजे तक समागम संपन्न हो गए थे। केंद्रीय मंदिर पुजारी परिषद के प्रधान जगदंबा प्रसाद रतूड़ी ने कहा कि नए साल में लोगों को जहां अच्छे काम करने का संकल्प लेना चाहिए। वहीं, कोरोना काल से सबक लेते हुए पर्यावरण को बचाने के लिए काम करना चाहिए।