माउंट एवरेस्ट फतह करने निकला कोसली के गांव नेहरूगढ़ का युवक नेपाल में आए भूकंप में फंस गया था। वहां तबाही का मंजर देखकर उसकी रूह कांप गई थी। रविवार को किसी तरह वहां से लौटकर आने के बाद उसने अपना दर्द बयां किया।
बता दें कि नेहरूगढ़ निवासी नरेंद्र यादव माउंट एवरेस्ट फतह करने गए थे बकौल नरेंद्र एक अप्रैल को वह अपने साथियों के साथ काठमांडू पहुंच गया और दो अप्रैल को एवरेस्ट फतह करने के लिए बेस कैंप के लिए रवाना हो गया।
9 अप्रैल को वह बेस कैंप पहुंच गया। 25 अप्रैल तक प्रशिक्षण और लोड फेरी चलती रही। लेकिन इसी दिन शाम को आए भूकंप ने उसे मिशन पर ब्रेक लगा दिया।
थोड़ी ही देर में सब कुछ तहस-नहस हो गया। कोरियन आर्मी, अमेरिकन आर्मी, चाइनीज आर्मी और इजराइल आर्मी के कैंप बुरी तरह तबाह हो गए थे। भूकंप के चलते कई पर्वतारोहियों की मौत हो चुकी थी।