मोहाली। फेज-2 मार्केट के शोरूम नंबर 39-40 के पीछे रास्ते में राष्ट्रीय पक्षी मोर मृत अवस्था में मिला है। मार्केट के व्यापारियों ने इसकी सूचना समाजसेवी राजा कंवरजोत सिंह को दी। इसके बाद उन्होंने वन विभाग को सूचित किया। मौके पर पहुंची वन विभाग की टीम उसे पोस्टमॉर्टम के लिए ले गई। रिपोर्ट में मौत का कारण कुत्तों द्वारा काटा जाना बताया जा रहा है। फिलहाल राष्ट्रीय पक्षी का राष्ट्रीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इससे पहले सात फरवरी को फेज-3ए में कोठी नंबर-97 के सामने से भी मृतक मोर मिला था। तब भी मौत का कारण आवारा कुत्तों द्वारा नोचना ही बताया गया था। गौरतलब है कि पिछले तीन महीने में मोर का यह दूसरा शव मिला है।
क्यों किया जाता है मोर का अंतिम संस्कार ?
राष्ट्रीय पक्षी मोर का अंतिम संस्कार इसलिए किया जाता है ताकि कोई उसके शरीर का गलत इस्तेमाल न कर सके। पंख रखना और बेचना दोनों गैरकानूनी है। ऐसा करते पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाती है। तफ्तीश में उसे बताना पड़ेगा कि वह इसे कहां से लाया। आरोप सही पाए जाने पर सात साल का कारावास और अर्थदंड का प्रावधान है। यह गैरजमानती अपराध है।