मोदी सरकार अगले दो वर्षों में एक करोड़ बेरोजगारों को रोजगार मुहैया कराएगी। योजना पर काम शुरू हो चुका है। मोदी के मंत्री ने योजना का खुलासा किया। केंद्रीय श्रम एवं रोजगार राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) बंडारू दत्तात्रेय ने बताया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर मेक इन इंडिया, डिजिटल इंडिया और स्कील इंडिया के लिए काम किया जा रहा है।
प्रधानमंत्री के इस विजन से देश में करोड़ों रुपये का विदेशी निवेश होगा। बेरोजगारों को रोजगार के बारे में परामर्श देने के लिए देशभर में नेशनल करिअर काउंसिलिंग सेंटर शुरू किए जाएंगे। रजिस्टर्ड बेरोजगारों को रोजगार देने के लिए यह अलग तरह का पोर्टल होगा।
यूं काम करेगा पोर्टल
पोर्टल के जरिए रोजगार कार्यालयों में रजिस्टर्ड बेरोजगारों को निजी क्षेत्रों में नौकरी के लिए परामर्श दिया जाएगा। इन बेरोजगारों को हर माह मोबाइल फोन पर एसएमएस से रोजगार के बारे में सूचनाएं दी जाएंगी।
प्रशिक्षण में महिलाओं को मिलेगा आरक्षण
दत्तात्रेय ने कहा, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पहल पर मेक इन इंडिया, डिजिटल इंडिया और स्कील इंडिया के लिए काम किया जा रहा है। प्रधानमंत्री के इस विजन से देश में करोड़ों रुपये का विदेशी निवेश होगा।
स्कील इंडिया के तहत कृषि मजदूरों को भी प्रशिक्षण दिया जाएगा। केंद्र सरकार के लगभग 16 मंत्रालयों की ओर से प्रशिक्षण दिए जाएंगे और प्रशिक्षण में महिलाओं का 33 प्रतिशत आरक्षण रहेगा।
लौटाया जाएगा मजदूरों का 27 हजार करोड़ रुपया
केंद्रीय मंत्री ने खुलासा किया कि कर्मचारी भविष्य निधि संगठन के पास मजदूरों व कर्मचारियों का 27 हजार करोड़ रुपया जमा है। इस राशि का लंबे समय से कोई लेन-देन नहीं हुआ है।
यह पैसा मजदूरों और कर्मचारियों को लौटाने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर अभियान चलेगा। यह पैसा निश्चित रूप से मजदूरों और कर्मचारियों को ही दिया जाएगा। ट्रेड यूनियनों से भी मदद ली जाएगी ताकि हकदारों को पैसा मिल सके। हेल्प डेस्क के जरिए कर्मचारियों के लिए यूनिवर्सल लेखा संख्या आवंटित की जाएगी।
विकास के लिए भ्रष्टाचार खत्म होना जरूरी
केंद्रीय राज्य मंत्री ने कहा कि विकास के लिए भ्रष्टाचार खत्म करना जरूरी है। इसी उद्देश्य से केंद्र सरकार ने दीन दयाल उपाध्याय के नाम से श्रम सुविधा पोर्टल की शुरुआत भी की है। इंस्पेक्टरी राज को खत्म किया गया है। अब केवल इंस्पेक्शन होगा वो भी कंप्यूटर के जरिए।
नए बदलावों ने बढ़ाया विश्वास
दत्तात्रेय ने कर्मचारी भविष्य निधि संगठन में किए नए बदलावों का जिक्र करते हुए कहा कि सभी कामगारों और नियोक्ताओं के लिए कई ई-गवर्नेस सुविधा शुरू की गई हैं।
इनमें ऑनलाइन पंजीकरण सुविधा, यूनिवर्सल एकाउंट नबर, श्रम सुविधा पोर्टल और निष्क्रिय खातों की जानकारी आदि शामिल हैं। इससे कामगार और नियोक्ता दोनों को ही फायदा हो रहा है और सरकार के प्रति विश्वास बढ़ा है।