चंडीगढ़। मनीमाजरा में स्कूल, कॉलेज और डिस्पेंसरी के लिए नगर निगम जल्द ही शिक्षा विभाग और स्वास्थ्य विभाग को किराए पर जमीन देने जा रहा है। इससे मनीमाजरा के लोगों को स्वास्थ्य और बच्चों को शिक्षा का लाभ मिलेगा तो वहीं, नगर निगम को भी हर साल करीब आठ करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त होगा। जमीन किराए पर देने की प्रक्रिया आखिरी चरण में हैं। इसे जल्द ही अमलीजामा पहनाया जाएगा।
मनीमाजरा में पिछले काफी समय से स्कूल, कॉलेज और डिस्पेंसरी की मांग की जा रही थी। भाजपा ने वर्ष 2014 के अपनी मेनिफेस्टो में मनीमाजरा में कॉलेज बनाने का वादा किया था। नगर निगम ने जमीन भी दे दी थी, लेकिन 10 साल में कुछ नहीं होने के बाद जमीन को नगर निगम ने वापस ले लिया था। इसके बाद अब फिर कॉलेज की मांग उठी है तो अब नगर निगम किराए पर उच्च शिक्षा विभाग को जमीन देने जा रहा है। वहीं, इंदिरा कॉलोनी के पास 0.3 एकड़ की जमीन डिस्पेंसरी के लिए दी जाएगी, जिसका किराया हर महीने दो लाख रुपये है। यह जमीन स्वास्थ्य विभाग को दी जाएगी, जहां पर नेशनल हेल्थ मिशन के अंतर्गत डिस्पेंसरी खोली जाएगी। इससे आसपास के लोगों को काफी लाभ मिलेगा। चुनाव से पहले पंजाब के राज्यपाल व चंडीगढ़ के प्रशासक बनवारीलाल पुरोहित ने भी इस एरिया का दौरा किया था और लोगों को डिस्पेंसरी देने की बात कही थी।
अन्य इलाकों में भी डिस्पेंसरी के लिए जमीन चिन्हित कर रहा निगम
नगर निगम ने चार एकड़ जमीन शिक्षा विभाग को भी देने की तैयारी कर ली है। यह जमीन शिवालिक एनक्लेव के पास है, जिस पर स्कूल बनाया जाएगा। यह भी जमीन नगर निगम किराए पर ही दे रहा है। इसके अलावा शहर के पेरीफेरी के इलाकों में भी नगर निगम खाली जमीन की पहचान कर रहा है, जिसे स्वास्थ्य विभाग को डिस्पेंसरी खोलने के लिए दिया जा सके। पेरीफेरी में डिस्पेंसरी खोलने से लोगों को काफी लाभ मिलेगा क्योंकि पेरीफेरी में अभी भी स्वास्थ्य सुविधाओं का अभाव है। नगर निगम के एक अधिकारी ने बताया कि स्कूल और डिस्पेंसरी की जमीन स्वास्थ्य और शिक्षा विभाग को देने की प्रक्रिया अंतिम चरण में है। जल्द लीज डीड कराई जाएगी। इसके बाद संबंधित विभाग की जिम्मेदारी होगी कि वह डिजाइन पास करने के बाद निर्माण कार्य को शुरू कराए।