चंडीगढ़। इंडोनेशिया में आयोजित एक कार्यक्रम में सामाजिक एवं सांस्कृतिक जीवन में राम विषय पर पेपर पढ़कर और कवि सम्मेलन में पुरस्कार जीतकर मां-बेटे ने शहर का नाम रोशन किया। इंडोनेशिया की एक यूनिवर्सिटी में भारत के साहित्य संचय शोध संवाद फाउंडेशन की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में शहर की नीतू कुमारी और उनके बेटे पार्थ ने हिस्सा लिया।
उन्होंने अपना अनुभव साझा करते हुए कहा कि राष्ट्रीय स्तर पर अपनी रचना को पढ़ना और सम्मान पाना अपनी जगह है लेकिन जब यही सम्मान अंतरराष्ट्रीय स्तर पर मिलता है खुशी चार गुना बढ़ जाती है। नीतू कुमारी की कई किताबें प्रकाशित हो चुकी हैं और कई सम्मान भी मिले हैं। उनका कहना है कि हर सम्मान का अपना अलग महत्व है। इंडोनेशिया में आयोजित कार्यक्रम में उनकी तीन किताबें भी लांच हुईं। इनमें एजुकेशनल रिसर्च पेपर्स बाय नीतू कुमारी, लोक आस्था का पर्व छठ महापर्व और नितुंजलि किताब शामिल हैं।