प्रदेश के राज्य सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर का फोन नहीं उठाने वाले को-ऑपरेटिव बैंक के जरनल मैनेजर को सस्पेंड कर दिया गया है। मंत्री के आदेश के बाद निलंबन आदेश जारी कर दिए गए हैं।
प्रदेश के राज्य सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर बुधवार सुबह करीब 8 बजे हिसार पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस पहुंचे थे। बताया जा रहा है कि सहकारिता मंत्री ने अपने मोबाइल से को-ऑपरेटिव बैंक के महाप्रबंधक केके कुंडू को करीब 8.15 से 8.30 के बीच कॉल किया। उनके पीए ने भी अपने मोबाइल से कॉल किया। कॉल रिसीव नहीं होने पर मंत्री को गुस्सा आ गया। बताया जा रहा है कि मंत्री ने मंगलवार की शाम को भी निर्देश भिजवाया था।
देर शाम स्टेनो ने इस बारे में जीएम को सूचना भी दी थी। उन्होंने तुरंत चंडीगढ़ को-ऑपरेटिव मुख्यालय को निर्देश दिए कि जीएम केके कुंडू को निलंबित किया जाए। दोपहर करीब 12.30 बजे ई-मेल के जरिए केके कुंडू को यह आदेश भेज दिए गए हैं। उन्हें निलंबित करने के साथ ही मुख्यालय चंडीगढ़ से अटैच किया है।
इस बारे में महाप्रबंधक केके कुंडू ने कहा कि मंगलवार देर शाम तक बैंक में कैश के लिए इंतजार कर रहे थे। देर रात स्टेनो ने मैसेज दिया कि सुबह दस बजे सहकारिता मंत्री मनीष ग्रोवर पीडब्ल्यूडी रेस्ट हाउस पहुंचेंगे। मैं स्टाफ के साथ करीब दस बजे रेस्ट हाउस पहुंचा तो बताया गया कि मंत्री तो सुबह करीब 9 बजे ही चले गए हैं। इसके बाद हम बैंक आकर काम निपटाने लगे। दोपहर करीब साढे़ 12 बजे निलंबन के आदेश आए हैं। कुछ लोगों ने बताया कि मंत्री की ओर से 8 से साढे़ 8 बजे के बीच कॉल किया गया था, जो रिसीव नहीं हुआ तो निलंबित किया गया है।