चंडीगढ़ में सदन के बाहर धरने पर बैठे सुभाष चावला।
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चंडीगढ़ नगर निगम के सदन की बैठक मंगलवार सुबह शुरू हो गई। निगम व्यावसायिक संपत्ति और शिक्षण संस्थान की संपत्ति के नियमों में संशोधन करने जा रहा है। इस संशोधन से निगम की काफी संपत्तियों का विवाद समाप्त हो जाएगा। वहीं निगम के राजस्व में बढ़ोतरी होगी। मंगलवार को सदन की बैठक में हंगामा हो गया।
सुरक्षा कर्मियों ने कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष सुभाष चावला को अंदर आने से रोका तो चावला ने हंगामा कर दिया। वे प्रेस लाइन में आने की जिद करने लगे। सुरक्षा कर्मियों के रोकने पर चावला वहीं धरने पर बैठ गए।
वहीं पहले बनाए गए नियमों में पेट्रोल पंप, होटल व अन्य संपत्तियां भी शिक्षण संस्थान वाली श्रेणी में आ रही थीं। अतिरिक्त आयुक्त अनिल गर्ग का कहना है कि अब संशोधन के बाद इन संपत्तियों की श्रेणी स्पष्ट हो जाएगी और कई संपत्तियों से विवाद समाप्त हो जाएगा। बैठक में पानी के दाम कम करने को लेकर भी एजेंडा आएगा।
लाल डोरा के बाहर पानी के कनेक्शन देने पर भी होगी चर्चा
लाल डोरा के बाहर रह रहे लोगों को पानी के कनेक्शन देने को लेकर भी सदन में चर्चा होगी। हालांकि इस मुद्दे के लिए बनाई गई कमेटी ने स्पष्ट कर दिया है कि पानी के बिलों को कानूनी दस्तावेज नहीं माना जाएगा। इसके अलावा राणा की हवेली में बहुमंजिला इमारत बनाने, बीयर की कैन पर 5 रुपये गो सेस लगाने, सामुदायिक केंद्र में बदलाव करने, बुड़ैल में सीवर पाइप लाइन डालने के एजेंडे पर चर्चा होगी।