ये था कारण
चमन लाल की पत्नी सुरिंदर कौर अक्सर उसे कहती थी कि तुम्हारा बच्चा क्यों नहीं होता। अगर नहीं होता तो किसी से ले लो। ये बात सुरिंदर कौर अक्सर उसकी पत्नी के सामने भी कहती थी। पुलिस के अनुसार, आरोपी ने इस बात को मन पर ले लिया था और इसी कारण वो सुरिंदर कौर से नाराज था।
एक के बाद एक ली तीनों की जान
घटना वाले दिन सुरिंदर कौर किसी काम से छत पर गई थी। साथ वाली छत पर ही आरोपी मोबाइल देख रहा था। इसी दौरान फिर से सुरिंदर कौर ने बच्चे की बात कही और फिर नीचे चली गई। इसके बाद आरोपी हथौड़ा लेकर उनके घर में घुसा।
सुरिंदर कौर नहाकर निकली तो आरोपी ने उस पर वार कर दिया। इसके बाद उसने चमन लाल की भी हत्या कर दी। तभी बगल के कमरे से चमन लाल की मां सुरजीत कौर निकली और आरोपी को देख लिया। इसके बाद आरोपी ने उनकी भी हत्या कर दी। तीन हत्याएं करने के बाद आरोपी ने सिलिंडर ऑन कर दिया और अगरबत्ती जलाकर घर चला गया। तब तक उसकी पत्नी सोई ही हुई थी। पुलिस ने मोहल्ले के लोगों से अपील की कि आरोपी के परिवार और पत्नी के साथ अच्छा व्यवहार करें। उसे ताने न मारे।
अंदर से बंद था दरवाजा
घटना का पता उस समय चला जब शुक्रवार सुबह दूध देने वाला आया। उसने अंदर जाकर देखना चाहा तो दरवाजा अंदर से बंद था। संदेह होने पर लोगों ने दरवाजा खोला तो अंदर तीनों के शव खून से लथपथ पड़े थे। चमन लाल और सुरिंदर कौर के चार बेटे विदेश में रहते हैं। गुरुवार सुबह दूध वाला आया तो पड़ोसियों ने यह सोच कर दूध ले लिया कि शायद सब कहीं गए हैं लेकिन सारा दिन तीनों नजर नहीं आए। घर का दरवाजा भी नहीं खुला।
शुक्रवार सुबह फिर दूध वाला आया तो पड़ोसियों ने कहा कि कल का दूध भी पड़ा है। इस पर लोगों को कुछ शक हुआ दरवाजा खोलने का प्रयास किया लेकिन अंदर से कुंडी लगी थी। खटखटाने पर दरवाजा नहीं खुला। आसपास के लोगों ने इकट्ठा होकर किसी तरह खोला तो अंदर तीनों के शव पड़े थे।