खुशवंत सिंह लिटफेस्ट में पंजाब में लगातार बढ़ रही नशे की लत पर चिंता जाहिर की गई। ड्रग्स के जंजाल में फंस रहे पंजाबी युवाओं को साहित्यकारों ने कुरेदा तो वहीं बीच-बीच में हिमाचल का भी जिक्र हुआ।
लिटफेस्ट के मंच पर साहित्यकार अजय भारद्वाज ने कहा कि पंजाब की एक पीढ़ी को आतंकवाद ने खत्म किया और दूसरी पीढ़ी को ड्रग्स खत्म कर रहा है। पंजाब की खुशियां इस नशे के जाल में बुरी तरह जकड़ चुकी हैं।
अब हर मां अपने बेटे को लेकर बेचैन है। डॉ. एके बनर्जी ने ‘पंजाब एंड द ड्रग्स मिनेंस’ पर कहा कि ड्रग्स ने उनके बेटे को छीन लिया है। अब वह इस दुनिया में नहीं है लेकिन वे ड्रग्स की चपेट में आए युवाओं को बचाने के लिए प्रयासरत हैं।
राइटिंग रजाई सिलने की तरह: शोभा डे
उपमन्यु चटर्जी, शोभा डे, गीता हरिहरन व समहिता अरनी ने द आर्ट ऑफ राइटिंग अ शार्ट स्टोरी, केन ईट बी थोट.. विषय पर संवाद किया। शोभा डे ने कहा कि ‘मेरे लिए स्टोरी राइटिंग बड़ी रजाई एक साथ सिलने की तरह है, जिसे बाद में इकट्ठा होना है’। इस दौरान लेखिका शोभा डे ने अपनी नई बुक स्माल बेट्रायल्स का भी विमोचन किया।
इन पर भी हुई जोरदार चर्चा
स्क्वाइन लीडर राना चिना, ब्रियन मक्काल व कैप्टन अमरिंदर सिंह ने इंडियन वॉइस फ्रॉम द ग्रेट वार विषय पर गहन चर्चा और संवाद किया। ब्रिगेडियर मैकाल ने अपनी बेटी की रचना इंडिया फॉरगॉटन कंट्रीब्यूशन ने वर्ल्ड वार -1 पर चर्चा की।