चंडीगढ़। मांगों से मुकरने के बाद प्रशासन के खिलाफ प्रदर्शन होगा। इस संबंध में ज्वाइंट एक्शन कमेटी ऑफ चंडीगढ़ एडमिनिस्ट्रेशन एंड एमसी इंप्लाइज एंड वर्कर्स ने सोमवार को पंजाब के गवर्नर और चंडीगढ़ के प्रशासक वीपी सिंह बदनौर को कर्मचारियों की मांगों का मांग पत्र भेजा। मांगपत्र के माध्यम से प्रशासक को अवगत कराया गया है कि चंडीगढ़ प्रशासन के साथ 20 अगस्त को कर्मचारियों की मांगों पर विस्तार से चर्चा हुई पर फिर भी मांगें पूरी नहीं हुईं।
ज्वाइंट एक्शन कमेटी के संयोजक अश्वनी कुमार ने कहा कि कर्मचारियों की मांगों को मनवाने के लिए 13, 16 और 20 अक्तूबर को प्रदर्शन किया जाएगा। मांगों में आउटसोर्सिंग वर्कर्स का डीसी रेट एक अप्रैल 2020 से बढ़ाया जाना है, लेकिन अभी तक नहीं बढ़या गया जबकि प्रशासन ने कहा था कि अक्तूबर महीने में यह बढ़ा दिया जाएगा। इसी तरह सरकारी स्कूलों में काम करने वाले मिड-डे मील वर्कर्स को मार्च महीने से वेतन नहीं मिला और न ही उनका वेतन बढ़ाया गया।
वहीं कांट्रैक्ट और आउटसोर्स पर काम करनेवाले वर्करों के लिए कोई सुरक्षित पॉलिसी नहीं बनाई गई। इस कारण जेम के द्वारा आए ठेकेदार उनका शोषण कर रहे हैं, इसलिए उनके लिए सुरक्षित पॉलिसी बनाई जाए। इन्हीं के साथ अन्य विभिन्न मांगों के समर्थन में ज्वाइंट एक्शन कमेटी प्रदर्शन करेगी।