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Chandigarh News: जजपा ने की दो विधायकों की शिकायत, लटकी सदस्यता जाने की तलवार

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-पार्टी ने विधानसभा अध्यक्ष के समक्ष दायर की याचिका, पार्टी विरोधी गतिविधियों के आरोप
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-नरवाना और बरवाला के विधायक भाजपा नेताओं के मंच कर चुके साझा, भाजपा प्रत्याशियों का कर रहे समर्थन

अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगढ़। तीन निर्दलीय विधायकों के भाजपा सरकार से समर्थन वापस लेने की घोषणा के बाद से हरियाणा में मचे सियासी घमासान के बाद अब प्रदेश में एक और बड़ा राजनीतिक घटनाक्रम सामने आया है। जजपा से बागी हो चुके विधायकों को लेकर पार्टी ने कार्रवाई को लेकर कदम उठाया है। जजपा की ओर से नरवाना से विधायक रामनिवास सुरजाखेड़ा और बरवाला से विधायक जोगीराम सिहाग के खिलाफ कार्रवाई के लिए विधानसभा अध्यक्ष के समक्ष याचिका दायर की गई है। जजपा ने यह याचिका दोनों विधायकों को दो बार कानूनी नोटिस जारी करने के बाद लगाई है। पार्टी ने दोनों ही विधायकों पर पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होने का आरोप लगाया है, साथ ही दल बदलू कानून के तहत कार्रवाई की मांग की है। अब विधानसभा अध्यक्ष के फैसले पर ही दोनों विधायकों सदस्यता निर्भर करेगी कि उनकी सदस्यता रहेगी या जाएगी।
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हरियाणा में भाजपा से गठबंधन टूटने के बाद जननायक जनता पार्टी बिखर चुकी है। पार्टी के छह विधायक बागी हो चुके हैं और अलग-अलग दलों में जाने की तैयारी में हैं। जजपा के विधायक रामनिवास सुरजाखेड़ा और जोगी राम सिहाग इन दिनों भाजपा प्रत्याशियों के लिए प्रचार कर रहे हैं। साथ ही दोनों ही विधायक भाजपा नेताओं के साथ मंच भी साझा कर चुके हैं। जजपा प्रत्याशियों का साथ देने के बजाय दोनों विधायक भाजपा प्रत्याशियों के लिए वोट मांग रहे हैं। पार्टी के कार्यालय सचिव रणधीर सिंह ने कहा कि दोनों विधायकों ने वर्ष 2019 में जजपा के टिकट पर चुनाव लड़ा था। इसके चलते पार्टी के संविधान के अनुसार दोनों विधायकों को दो बार कानूनी नोटिस जारी किए गए, जिसका उन्होंने कोई जवाब नहीं दिया। जिसके बाद शुक्रवार को ट्रिब्यूनल के नाते विधानसभा स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता के समक्ष याचिका दायर करके पार्टी विरोधी गतिविधियों में लिप्त होने का हवाला देकर दलबदलू कानून के तहत कार्रवाई की मांग की है। रणधीर सिंह ने बताया कि दोनों विधायकों की प्रिंट व इलेक्ट्रोनिक मीडिया में प्रकाशित खबरें और वीडियाे रिकार्डिंग को सबूत बनाया गया है। अब स्पीकर द्वारा इस याचिका पर सुनवाई के दौरान सभी सबूत पेश किए जाएंगे।
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