हरियाणा सरकार में स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने प्रदेश सरकार के खुफिया तंत्र को कटघरे में खड़ा कर दिया है। उन्होंने आरोप लगाया है कि उनकी जासूसी करवाई जा रही है।
उनके इस आरोप के बाद से सरकार के साथ प्रदेश पुलिस और खुफिया महकमे में हड़कंप की स्थिति है। शुक्रवार को विज ने सचिवालय स्थित अपने कार्यालय के बाहर खड़े एक सीआईडी कर्मचारी को अंदर बैठा लिया। साथ ही कर्मी से पूछताछ भी की।
विज ने बताया कि हरियाणा सचिवालय में उनके ही कुछ कर्मचारियों ने उन्हें सूचना दी थी कि एक सीआईडी कर्मी कई दिनों से उनके कार्यालय के बाहर खड़ा रहता है।
शुक्रवार को विज को फिर से यह सूचना मिली कि सीआईडी कर्मचारी उनके कार्यालय के बाहर खड़ा है। इसके बाद स्वास्थ्य मंत्री ने खुद जाकर संबंधित सीआईडी कर्मी सुरेंद्र कुमार को पकड़ लिया।
साथ ही उसे कार्यालय में बैठा लिया। जब सुरेंद्र कुमार से यह पूछा गया कि उससे जासूसी करने के लिए किसने कहा है, तो उसने जासूसी की बात से इनकार किया। उसके बाद विज ने एडीजीपी सीआईडी शत्रुजीत कपूर को फोन किया। शत्रुजीत कपूर के साथ विज की काफी तीखी बातचीत हुई।
इसी बीच उन्होंने कैबिनेट मंत्री कविता जैन और राज्य मंत्री विक्रम ठेकेदार को भी अपने कार्यालय में बुला लिया। कविता जैन ने प्रकरण पर कहा है कि कम से कम ऐसे मामलों में सचिवालय को तो अछूता रखना चाहिए। जबकि विक्रम ठेकेदार ने इस घटना को चिंताजनक बताया है।
मैं कौन सा एटम बंब का फार्मूला तैयार कर रहा हूं:
स्वास्थ्य मंत्री ने एडीजीपी सीआईडी शत्रुजीत कपूर से कहा कि आपका आदमी पकड़ा है इसे लेकर जाओ। मेरी सीआईडी कौन करवा रहा है यह बताओ। मैं कौन सा यहां पर एटम बंब का फार्मूला तैयार कर रहा हूं, जो मेरी सीआईडी करवाई जा रही है। कुछ पूछना है तो मुझसे सीधे पूछो मैं बताऊंगा।