लेह में ड्यूटी के दौरान गंभीर बीमार पड़ने से टांडा के गांव जहूरा के फौजी बलजिंदर सिंह का निधन हो गया था। रविवार को उनके पैतृक गांव में सैन्य सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। हवलदार बलजिंदर सिंह पुत्र लेट गुरबचन सिंह 17 जनवरी को अचानक ड्यूटी के दौरान गंभीर रूप से बीमार पड़ गए और उनका निधन हो गया।
रविवार दोपहर हवलदार बलजिंदर का पार्थिव शरीर घर पहुंचा तो गांव में मातम का माहौल था। गांव के ही श्मशानघाट में बलजिंदर का अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान फौज की टुकड़ी ने हवा में गोलियां दागकर और शस्त्र उलटे कर दिवंगत को अंतिम सलामी दी। मुख्यमंत्री के राजनीतिक सलाहकार विधायक संगत सिंह गिलजियां, एडीसी हरप्रीत सूदन, एसडीएम ज्योति बाला मट्टू और फौज के अधिकारियों ने शहीद को श्रद्धांजलि दी।
विधायक गिलजियां ने सरकार की ओर से दिवंगत फौजी के परिवार को पांच लाख की आर्थिक मदद, पांच लाख का प्लॉट, माता को दो लाख रुपए और परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दिए जाने का एलान किया। दिवंगत फौजी बलजिंदर सिंह अपने पीछे माता कुंती देवी , पत्नी प्रदीप कौर, चार वर्षीय दो जुड़वां बेटे छोड़ गए हैं।
इस मौके पर जिला सैनिक भलाई अफसर, नायाब तहसीलदार ओंकार सिंह, सरपंच अश्वनी कुमार, राकेश वोहरा, अवतार सिंह खोखर, पुष्पेंदर सिंह, सरपंच हरभजन सिंह कलियाणपुर, शालू, पवन कुमार, कैप्टन नरेश कुमार, सूबेदार सुखवीर सिंह, पृथीपाल सिंह और गांव निवासी मौजूद थे।