चालक दल के सदस्यों में एक विंग कमांडर, चार फ्लाइंग लेफ्टिनेंट, एक स्क्वाड्रन लीडर और सात एयर मैन शामिल हैं। इस खबर से पूरा परिवार सदमे में है। मोहित के पिता सुरिंदर कुमार और चाचा ऋषि पाल तुरंत असम के लिए रवाना हो गए हैं। उन्होंने बताया कि अभी तक मोहित के बारे में कुछ पता नहीं लगा है।
विमान की खोज के लिए वायुसेना, सेना युद्ध स्तर पर अभियान चला रही है। गौरतलब है कि एएन-32 सैन्य साजो-सामान लेकर जाने वाला दो इंजन का परिवहन विमान है। भारतीय वायुसेना इसे 1984 से इस्तेमाल कर रही है। एएन-32 को भरोसेमंद विमान माना जाता है और भारतीय वायुसेना अपने कई अहम अभियानों में इसका इस्तेमाल कर चुकी है।