खरड़। वर्ष 2021 में नगर परिषद में शामिल छह गांव पीर सोहाना, भुखड़ी, रडियाला, दाऊं माजरा, तोलेमाजरा और त्रिपड़ी अब तक चुने हुए प्रतिनिधियों से वंचित हैं। नगर परिषद में शामिल होने के बावजूद इन गांवों में न तो पंचायतें हैं, न ही इनका कोई प्रतिनिधि खरड़ नगर परिषद में मौजूद है। इन गांवों को वर्ष 2021 में नगर परिषद में शामिल किए जाने के बाद हुए परिषद चुनावों में भी इन्हें प्रतिनिधित्व नहीं मिल सका। इसके अलावा इन गांवों में पंचायत चुनाव भी नहीं कराए गए। हाल ही में हुए पंचायत समिति के चुनाव भी इन गांवों में नहीं हुए, क्योंकि ये गांव अब खरड़ नगर परिषद के अधीन आ चुके हैं। परिणामस्वरूप स्थिति यह बन गई है कि इन गांवों के पास न तो पंचायत है और न ही नगर परिषद का कोई सदस्य। सूत्रों के अनुसार, खरड़ नगर परिषद के मौजूदा 27 वार्डों में किसी भी प्रकार की बढ़ोतरी नहीं की जा रही है। ऐसे में इन गांवों को वार्डों में शामिल किए बिना नगर परिषद में प्रतिनिधित्व मिलना संभव नहीं दिख रहा। यह स्थिति प्रशासनिक लापरवाही और लालफीताशाही को उजागर करती है, जहां गांवों को नगर परिषद में शामिल तो कर लिया गया, लेकिन आज तक वहां के लोगों को लोकतांत्रिक अधिकार नहीं मिल पाए।