चंडीगढ़। कुछ दिन पहले शहर में पकड़ी गई अवैध शराब के तार ऊना (हिमाचल प्रदेश) के मार्स बॉटलर्स फैक्टरी से जुड़ गए हैं। पुलिस ने फैक्टरी में 45 प्रतिशत के हिस्सेदार अनिल कुमार निवासी वीआईपी एन्क्लेव, बिशनपुरा (जीरकपुर) को मामले में गिरफ्तार किया है। आरोपी को अदालत में पेश कर पुलिस ने एक दिन के रिमांड लिया है।
बीते आठ अप्रैल को जिला अपराध सेल की टीम ने गुप्त सूचना पर सेक्टर-26 की कॉलोनी में छापा मारकर हिमाचल मार्का देसी शराब संतरा के 2150 पव्वे बरामद किए थे। इस दौरान मनोज कुमार निवासी मलोया कॉलोनी, रवि निवासी गांव रेवार, जिला ऊना (हिमाचल प्रदेश) और शराब ठेकेदार कुलबीर सिंह निवासी पुलिस सोसाइटी सेक्टर -51 चंडीगढ़ को गिरफ्तार किया गया था। आरोपियों के खिलाफ सेक्टर-26 थाने में एक्साइज एक्ट सहित धोखाधड़ी व मिलीभगत की धाराओं के तहत केस दर्ज किया गया था। एफआईआर के मुताबिक, एएसआई राजेश पुलिस टीम के साथ इलाके में गश्त कर रहे थे। इसी दौरान उन्हें सूचना मिली की कुछ लोग अवैध शराब की तस्करी कर रहे हैं। इसके बाद पुलिस ने छापा मारकर आरोपियों को दबोचा था। बताया गया है कि आरोपी कुलबीर सिंह बड़ा शराब ठेकेदार है। उसने धनास के इलाके में सबसे महंगा नौ करोड़ का ठेका ले रखा है।
पूछताछ के दौरान आरोपी मनोज ने खुलासा किया कि बरामद शराब का निर्माण ऊना के मार्स बॉटलर्स फैक्टरी में किया गया है। पकड़ी गई अवैध शराब मुकेश सांगवान, अनिल कुमार और बावा नाम के आरोपियों के द्वारा चंडीगढ़ लाई गई थी। इस खुलासके के बाद पुलिस ने इन तीनों आरोपियों के नाम भी एफआईआर में शामिल कर मार्स बॉटलर्स फैक्टरी के हिस्सेदार अनिल कुमार को गिरफ्तार कर लिया। अनिल ने खुलासा किया कि उसने मुकेश सांगवान (साझेदार) की मदद से फैक्टरी में देसी शराब हिमाचली संतरा तैयार को तैयार किया और उसे बेचने के लिए चंडीगढ़ में बावा को इसकी सप्लाई दी थी।