अकसर विवादों में रहने वाले हरियाणा के वरिष्ठ आईएएस अधिकारी अशोक खेमका सुप्रीम कोर्ट के खिलाफ हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर एक बार फिर से सुर्खियों में आ गए हैं। पंजाब हरियाणा हाईकोर्ट ने खेमका को उपयुक्त स्तर पर मांग रखने की बात कही।
इसके बाद वरिष्ठ आईएएस ने याचिका वापस लेने की बात कही, जिसे हाईकोर्ट ने मंजूर कर लिया और इसके बाद हाईकोर्ट ने याचिका को खारिज कर दिया। अशोक खेमका ने अपनी याचिका में सुप्रीम कोर्ट के सेक्रेट्री जनरल को प्रतिवादी बनाया है।
याचिका के अनुसार एक मामले में सुप्रीम कोर्ट ने खेमका को नोटिस जारी कर जवाब मांगा था। खेमका ने अपना जवाब खुद सुप्रीम कोर्ट में दायर कर दिया। सुप्रीम कोर्ट ने खेमका का जवाब अस्वीकार करते हुए उनको वकील के माध्यम से जवाब दायर करने का निर्देश दिया था।
नियमों का हवाला देते हुए खेमका ने कहा कि वो स्वयं वह सभी योग्यताएं रखते हैं जो एक वकील के पास होती है। ऐसे में वह खुद जवाब दायर करना चाहते हैं । लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने उनकी मांग अस्वीकार कर दी थी। इसी को खेमका ने हाईकोर्ट में चुनौती दी थी।