चंडीगढ़। रामदरबार स्थित मंडी ग्राउंड के पास मस्जिद के सामने जंगल में दो दिन पहले मिले अज्ञात युवक के शव की पहचान सोमवार देर रात बिहार के सीतामढ़ी निवासी 23 वर्षीय रितिक राज के रूप में हुई। सोशल मीडिया पर वायरल हुए शव के वीडियो का मिलान होने के बाद पिता रामईश्वर भगत ने बेटे की पहचान की। परिजनों ने हत्या की आशंका जताते हुए रितिक के दोस्त सुनील पर गंभीर आरोप लगाए हैं और पुलिस पर समय रहते कार्रवाई नहीं करने का आरोप लगाया है।
रामईश्वर भगत ने बताया कि उनका परिवार पिछले करीब 30 वर्षों से रामदरबार फेज-2 में रह रहा है। वह लेडीज सूट सिलाई का काम करते हैं। रितिक तीन बेटों में मंझला था और पिछले पांच वर्षों से पटना में अपने जीजा सुधीर की चाय-समोसे की दुकान पर काम करता था। परिवार के अनुसार रितिक की आखिरी बार छोटी बहन पूजा से वीडियो कॉल पर बात हुई थी। उसने बताया था कि वह पटना से चंडीगढ़ पहुंच चुका है और दोस्त सुनील के साथ होटल में रुका है। इसके बाद उसका मोबाइल बंद हो गया। परिजनों का आरोप है कि रितिक के मोबाइल से उसके शव का वीडियो बनाकर सुनील ने अपने दोस्त तुषार को भेजा। तुषार ने यह वीडियो छोटे भाई नाइस के दोस्त कमली को भेजा, जिसके बाद परिवार को घटना की जानकारी मिली और पुलिस को वीडियो दिखाया गया।
पिता का आरोप है कि बेटे के लापता होने पर उन्होंने रामदरबार चौकी और सेक्टर-31 थाने में शिकायत दी, लेकिन पुलिस ने कार्रवाई नहीं की। उनका कहना है कि रितिक 23 जून से लापता था और 19 जुलाई को उसका सड़ा-गला शव बरामद हुआ। रामईश्वर भगत ने यह भी आरोप लगाया कि सुनील हाल ही में जमानत पर जेल से बाहर आया था और उसके खिलाफ हत्या व चोरी सहित कई आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए जीएमसीएच-32 की मोर्चरी में रखवाया है। मामले की जांच जारी है।
कोट
रितिक राज का बुधवार को पोस्टमार्टम होगा। यह पोस्टमार्टम बोर्ड की देखरेख में किया जाएगा। रिपोर्ट के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। पुलिस रितिक के संपर्क में रहने वाले युवकों से पूछताछ कर रही है। चार युवक पूछताछ के लिए बुलाएं हैं। - अवतार सिंह, एसएचओ, रामदरबार सेक्टर-31 थाना