इंडस्ट्रियल मॉडल टाऊनशिप के लिए पांच गांव की भूमि का अधिग्रहण करते हुए गांव के निवासियों को उद्योग इकाइयों में 33 प्रतिशत रोजगार का वादा करने के बावजूद ग्रामीणों को रोजगार न देने पर पंजाब और हरियाणा हाईकोर्ट ने औद्योगिक विभाग के प्रधान सचिव को तलब किया है। फरीदाबाद की तहसील बल्लभगढ़ के पांच गांव चंदावली, मछगढ़, सोतई, नवादा व मुझेरी के निवासियों ने याचिका दाखिल करते हुए हाईकाकेर्ट को बताया कि इंडस्ट्रियल मॉडल टाउनशिप के लिए उनके गांव की जमीन का अधिग्रहण किया गया था।
अधिग्रहण के समय सरकार व भूमि मालिकों के बीच समझौता हुआ था कि जितने भी उद्योग लगेंगे, उनमें पैदा होने वाले रोजगार का 33 प्रतिशत ग्रामीणों को दिया जाएगा। याची ने बताया कि इस समझौते के बावजूद सरकार पूरा नहीं कर रही है। टाऊनशिप में बड़ी-बड़ी कंपनियां चल रहीं हैं लेकिन गांव के लोगों को रोजगार देने के लिए कोई विज्ञापन नहीं निकाला गया।
कई स्तर पर प्रयास के बावजूद कोई लाभ नहीं हुआ। इसके बाद लीगल नोटिस भी भेजा गया लेकिन कोई जवाब नहीं आया। याची ने कहा कि इन गांव के कई युवक उद्योगों की आवश्यकता के अनुसार योग्यता रखते हैं फिर भी उन्हें रोजगार नहीं दिया जा रहा है। हाईकोर्ट ने अब हरियाणा सरकार को नोटिस जारी करते हुए औद्योगिक विभाग के प्रधान सचिव को तलब कर लिया है। कोर्ट में आकर उन्हें बताना होगा कि समझौते के अनुसार रोजगार क्यों नहीं दिया जा रहा है।