पंचकूला। जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक बुधवार को सेक्टर-1 स्थित रेस्ट हाउस में हुई। इसकी अध्यक्षता सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता राज्य मंत्री ओम प्रकाश यादव ने की। कुछ मामलों में लापरवाही पाए जाने पर उन्होंने अधिकारियों को फटकार लगाई। विधानसभा अध्यक्ष ज्ञानचंद गुप्ता भी इस दौरान मंच पर मौजूद रहे। नगर निगम अधिकारी द्वारा गलत सूचना दिए जाने पर ज्ञानचंद गुप्ता ने उसे खरी-खोटी सुनवाई और दोबारा ऐसा होने पर कार्रवाई करने की चेतावनी दी। बैठक में बुधवार को 14 मामलों की सुनवाई की गई। इनमें से पांच शिकायतें पुरानी लंबित थी और नौ नई शिकायतें शामिल की गई थी। पहली शिकायत करीब एक वर्ष पूर्व पिंजौर से बरूण गांव तक बनाई गई 14 किलोमीटर की सड़क की रही। शिकायत में बताया गया कि सड़क निर्माण पूरा होने से पहले ही सड़क टूटनी शुरू हो गई। इस पर पीडब्ल्यूडी के एक्सईएन ने बताया कि टूटी हुई जगह की मरम्मत करा दी गई है। अब बारिश के कारण कई जगह फिर से टूट गई है। इस पर मंत्री ओमप्रकाश यादव ने कहा कि जहां से भी सड़क टूटी है उसकी मरम्मत कराई जाए। अगर कोई तकनीकी दिक्कत आ रही है तो ब्लॉक लगाकर सड़क बनाई जाए। इस अवसर पर उपायुक्त डॉ. प्रियंका सोनी, डीसीपी सुमेर प्रताप सिंह, मेयर कुलभूषण गोयल, नगर निगम कमिश्नर सचिन गुप्ता, पूर्व विधायक लत्तिका शर्मा, सीएम विंडो एमिनेंट सदस्य केसी भारद्वाज आदि उपस्थित रहे।
पिछली मीटिंग के आदेशों पर नहीं किया अमल
खोखरा निवासी व्यक्ति की शिकायत पर पिछली मीटिंग में ज्ञानचंद गुप्ता ने आदेश दिए थे कि मामले की निष्पक्ष जांच की जाए। अब तक हुई जांच में लापरवाही करने वाले दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ कार्रवाई की जाए। मगर इस मामले में किसी पुलिस अधिकारी के खिलाफ कोई जांच नहीं की गई। इतना ही नहीं इस पहलू की जांच ही नहीं की गई। इस पर ज्ञानचंद गुप्ता ने कहा कि अगली मीटिंग से पहले यह जांच और कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
सेशन कोर्ट से बड़ा नहीं एसीएस: यादव
दो आवासीय भवनों का एक साल से नक्शा पास नहीं किए जाने की शिकायत एक व्यक्ति ने दी थी। इस मामले में वह सेशन कोर्ट से भी केस जीत चुका है। नगर परिषद कालका के अधिकारी ने कहा कि इस मामले में एसीएस ने फिर से पैमाइश कराने के आदेश दिए थे। यह सुनकर मंत्री ओमप्रकाश यादव ने कहा कि कोई भी एसीएस सेशन कोर्ट से बड़ा नहीं होता। अगर अब इस मामले में ढिलाई हुई तो तुम्हारे खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।
बूथ अलॉटमेंट मामले में एचएसवीपी को फटकार
सेक्टर-15 निवासी प्रमोद कुमार ने शिकायत में बताया कि उसने ऑक्शन में सेक्टर-4 में एचएसवीपी से 62.40 लाख रुपये में बूथ खरीदा था। यह नीलामी 2016 में हुई थी। पूरी रकम जमा कराने के बावजूद उसे पजेशन नहीं दी जा रही है। सुप्रीम कोर्ट से भी इस बारे में आदेश आ चुके हैं, मगर अधिकारी सुन ही नहीं रहे। इस पर एचएसवीपी अधिकारियों को फटकार लगाते हुए विस अध्यक्ष ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेशों की अवमानना करना काफी गंभीर है। उन्होंने फटकार लगाते हुए कहा कि आदेशों की तुरंत पालना की जाए। अगली बैठक में कंपीटीट अथॉरिटी से कोर्ट के आदेश पर फैसले की कॉपी लाई जाए। वहीं एक अन्य मामले में शिकायतकर्ता को छूट दिए जाने में देरी होने पर कहा कि इसके लिए दोषी अधिकारियों का पता लगाकर उनको चार्जशीट किया जाए।
मीटिंग में झूठ बोला तो बर्दाश्त नहीं होगा: गुप्ता
सेक्टर-19 में बरसाती नाले को लेकर की गई शिकायत के मामले में नगर निगम अधिकारी ने कहा कि समस्या का समाधान कर दिया गया है। मगर शिकायतकर्ता ने कहा कि अब तक कुछ किया ही नहीं गया है। इस पर ज्ञानचंद गुप्ता गुस्सा हो गए उन्होंने कहा अधिकारी गलत जानकारी दे रहे हैं। अगर फिर से इस तरह झूठ बोला तो उसको बख्शा नहीं जाएगा।
शिकायत करते हुए रोई महिला, डीसीपी बोले कार्रवाई होगी
सेक्टर-10 निवासी महिला ने शिकायत में बताया कि उसका पति और ससुर उसे बहुत ज्यादा परेशान करते हैं। उनसे अलग रहने के बावजूद उसके साथ मारपीट की जाती है। पुलिस उसकी सुनवाई नहीं करती। इस पर डीसीपी सुमेर प्रताप सिंह ने आश्वासन दिया कि पुलिस उनकी शिकायत पर कार्रवाई करेगी। साथ ही कहा कि इस बात कोई दिक्कत आए तो सीधा उनको फोन कर सूचित करें।
मंच पर लगे हंसी के ठहाके
बैठक में शिकायतों के दौरान माहौल काफी गंभीर हो गया था। इसी दौरान मंच से घोषण हुई कि अगली शिकायत लत्तिका शर्मा की है। उस समय पूर्व विधायक लत्तिका शर्मा भी मंच पर विराजमान थीं। सभी ने उनकी तरफ देखा तो उन्होंने बताया कि उन्होंने कोई शिकायत नहीं की है। शिकायतकर्ता लत्तिका कोई और है। इस पर सभी की हंसी छूट गई।