चंडीगढ़। कोरोना की तीसरी लहर से बचाव के लिए स्वास्थ्य विभाग ने तैयारियां शुरू कर दी हैं। इसके तहत जल्द ही शहर के अन्य सात केंद्रों पर टेक्नीशियन की तैनाती कर वहां कोरोना जांच शुरू करने की तैयारी है। विभाग चाहता है कि बचाव की तैयारियों के मद्देनजर शहर के सभी घनी आबादी वाले क्षेत्रों में जांच की स्थायी व्यवस्था की जाए, ताकि संक्रमण फैलने से पहले ही स्क्रीनिंग व्यापक स्तर पर की जा सके। इसके लिए विभाग सबसे पहले प्रमुख स्वास्थ्य केंद्रों को मजबूत करेगा। इसके तहत अगले एक हफ्ते के अंदर 6 टेक्नीशियन की तैनाती कर प्रमुख 6 केंद्रों पर जांच शुरू करवाने को प्राथमिकता दी गई है।
मोबाइल टीम का नहीं करना होगा इंतजार
स्वास्थ्य विभाग के अनुसार जल्द ही शहर के छह प्रमुख स्थान जैसे मौलीजागरां, डड्डूमाजरा, मलोया समेत छह जगहों के स्वास्थ्य केंद्रों पर कोरोना जांच की सुविधा उपलब्ध कराई जाएगी। इसमें स्वास्थ्य केंद्र पर ही आरटीपीसीआर व रैपिड टेस्ट के लिए नमूना लिया जाएगा। रैपिड टेस्ट की रिपोर्ट 10 से 15 मिनट में मरीज को दे दी जाएगी जबकि आरटीपीसीआर का नमूना वहां से एकत्र कर उसे जीएमएसएच- 16 के माध्यम से जीएमसीएच- 32 और पीजीआई भेजा जाएगा। इस सुविधा के शुरू हो जाने से शहर के मुख्य आबादी वाली क्षेत्र के लोगों को कोरोना जांच के लिए न तो मोबाइल टीम के आने का इंतजार करना होगा और न ही उन्हें अस्पताल जाने की जरूरत पड़ेगी।
किट में मिलेगा प्लस ऑक्सीमीटर व थर्मामीटर
घर पर एकांतवास में रखे गए कोरोना संक्रमित मरीजों को दिए जाने वाले आइसोलेशन किट में अब जल्द ही थर्मामीटर और पल्स ऑक्सीमीटर भी उपलब्ध होगा। स्वास्थ्य विभाग के अनुसार नगर निगम ने इन दोनों उपकरणों के लिए टेंडर कर दिया है। जल्द ही उसकी आपूर्ति हो जाएगी। इसके बाद किट में दवाइयों के साथ यह उपकरण भी उपलब्ध कराए जाएंगे, ताकि संक्रमित मरीज घर पर बुखार और ऑक्सीजन का स्तर नापता रहे। इससे स्थिति गंभीर होने से पहले ही बचाव किया जा सके।
क्या कहते हैं अधिकारी
स्वास्थ्य विभाग कोरोना की तीसरी लहर से बचाव की तैयारियों में लग गया है। जल्द ही शहर के प्रमुख स्वास्थ्य केंद्रों पर कोरोना जांच की सुविधा शुरू हो जाएगी। -डॉ. अमनदीप कंग, स्वास्थ्य निदेशक