हरियाणा में पूर्व कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में चुने गए 1750 जेबीटी शिक्षकों के परीक्षा परिणाम हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने घोषित कर दिए। यह मामला पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में लंबित रहने के कारण इन शिक्षकों पर अंतिम फैसला नहीं लिया जा सका था।
गत 29 अप्रैल को हाईकोर्ट द्वारा परिणाम घोषित किए जाने के आदेश दिए जाने के बाद सोमवार देर रात हरियाणा कर्मचारी चयन आयोग ने परिणाम घोषित किए।
हाईकोर्ट के निर्देश के बाद भी परिणाम घोषित किए जाने में हुई देरी के लिए कहा जा रहा है कि मौजूदा प्रदेश सरकार ने उस राज्य शिक्षक भर्ती बोर्ड को खत्म कर दिया है, जिसने पूर्व सरकार के कार्यकाल के दौरान जेबीटी की उक्त भर्ती की थी।
नवगठित कर्मचारी चयन आयोग ने उस शिक्षक भर्ती बोर्ड का सारा रिकार्ड अपने कब्जे में लेकर जांच के बाद परिणाम घोषित किया है। इस मामले में अब 28 जुलाई को हाईकोर्ट में सुनवाई होगी, जिसके बाद शिक्षकों की ज्वाइनिंग के बारे में फैसला होगा।
9455 जेबीटी शिक्षक बना रहे सरकार पर दबाव
उधर, पिछले साल 14 अगस्त को घोषित किए गए परिणाम में चुने गए 9455 जेबीटी शिक्षक सरकार पर ज्वाइनिंग का दबाव बना रहे हैं। इन शिक्षकों ने मुख्यमंत्री के साथ बातचीत कर अपनी मांग भी उनके समक्ष रखी है, जिस पर सरकार की ओर से फिलहाल उन्हें आश्वासन दिया गया है कि पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में जारी इस मामले की जल्द सुनवाई के लिए सरकार एक अपील दाखिल करेगी ताकि शिक्षकों की ज्वाइनिंग जल्द हो सके। वैसे मुख्यमंत्री ने नवचयनित जेबीटी शिक्षकों को 31 जुलाई तक ज्वाइनिंग का भरोसा भी दिलाया है।