-बदमाशों की अवैध संपत्ति और उनके नेटवर्क को बनाया जाएगा टारगेट
-विदेशों में बैठे गैंगस्टर्स पर कार्रवाई की रणनीति तैयार,
अमर उजाला ब्यूरो
चंडीगड़। विदेशों में बैठकर हरियाणा में रंगदारी और फायरिंग की वारदातों को अंजाम देकर दहशत फैलाने वाले गैंगस्टर्स पर नकेल कसने के लिए हरियाणा पुलिस ने तैयारी कर ली है। अब हरियाणा पुलिस केंद्रीय जांच एजेंसी एनआईए के साथ मिलकर इस कार्रवाई को अंजाम देगी। इन गैंगस्टर्स के खिलाफ किस तरह से कार्रवाई करनी है और कैसे विदेश मंत्रालय द्वारा संबंधित देशों को सूचित करके इन्हें भारत प्रत्यर्पित करवाना है, उसकी रणनीति तैयार कर ली गई है।
रणनीति के तहत एक तो विदेश मंत्रालय के माध्यम से संबंधित देश में बैठे गैंगस्टर्स के खिलाफ कार्रवाई को लेकर वहां की जांच एजेंसियों से मदद ली जाएगी और दूसरा संबंधित देश की प्रत्यार्पण संधि के तहत उनको भारत लाने की कोशिश की जाएगी। दूसरा, गैंगस्टर्स द्वारा वारदातों में प्रयोग किए गए मोबाइल और उनके सिम को ब्लाॅक कराने के लिए संबंधित एजेंसी को लिखा जाएगा। दूसरा, हरियाणा में रंगदारी, फायरिंग और टारगेट किलिंग करने वाले गैंगस्टर्स के गुर्गों को चिह्नित करके उनके खिलाफ धरपकड़ अभियान चलाया जाएगा। इसमें खुफिया एजेंसी द्वारा गुर्गों की सूची तैयार की गई है। साथ ही गैंगस्टर्स और उनके गुर्गों की अवैध संपत्तियों की भी पहचान की जा रही है, ताकि उसको ढहाया जा सके और आर्थिक रूप से बदमाशों की कमर तोड़ी जा सके। हरियाणा सरकार ने गैंगस्टर्स पर नकेल कसने के लिए एसटीएफ (स्पेशल टास्क फोर्स) को जिम्मेदारी दी है और एसटीएफ की आधा दर्जन टीमें इस काम पर लगी हैं। हाल ही में कुख्यात बदमाश सुरेंद्र ग्योंग के भाई और एक लाख के इनामी बदमाश भाई जोगेंद्र फिलीपींस से गिरफ्तार किया है।
बाक्स
हरियाणा को भयभीत कर रहे ये गैंगस्टर्स
करीब 28 गैंगस्टर्स ऐसे हैं, जो भारत के हैं और विदेशों में रह रहे हैं। इन गैंगस्टरों का कनेक्शन पंजाब, उत्तर प्रदेश, दिल्ली, हरियाणा और राजस्थान सहित कुछ अन्य राज्यों से भी है। इनमें से करीब 6 बदमाश हरियाणा से संबंधित हैं। इन बदमाशों ने हरियाणा में अपना प्रभाव क्षेत्र बना है, वह संबंधित इलाकों में ही वारदातें कराते हैं। इनमें रोहित गोदारा गुरुग्राम, फरीदाबाद, नीरज फरीदपुरिया पलवल, हिमांशु भाऊ रोहतक, झज्जर, काला खैरमपुरिया का क्षेत्र हिसार और सिरसा है।
बाक्स
पड़ोसी राज्यों की पुलिस के साथ मिल चलाया जाएगा संयुक्त आपरेशन
एनआईए और अन्य केंद्रीय एजेंसियों के साथ-साथ हरियाणा एसटीएफ पड़ोसी राज्यों की पुलिस की भी मदद लेगी। इसके लिए आपस में समन्वय स्थापित किया जाएगा। हाल ही में दिल्ली में हुई एक बैठक में एनआईए, हरियाणा, पंजाब, यूपी, उत्तर प्रदेश और दिल्ली के पुलिस अधिकारी शामिल रहे थे। इसमें तय किया गया है कि किसी भी प्रदेश में कोई ऐसी वारदात होती है तो संबंधित पड़ोसी राज्य भी इसमें अलर्ट रहेंगे और किसी भी प्रकार का इनपुट मिलता है तो संबंधित राज्य पुलिस को दिया जाएगा।
कोट
गैंगस्टर्स पर नकेल कसने के लिए हरियाणा और केंद्र स्तर पर काम किया जा रहा है। हरियाणा एसटीएफ की टीमें दिन रात काम पर लगी हैं। फायरिंग की वारदातों को अंजाम देने वाले गुर्गों की तलाश जारी है, कुछ अहम इनपुट मिले हैं, जल्द ही इनकी गिरफ्तारी की जाएगी।
-सिमरदीप सिंह, डीआईजी, एसटीएफ