हरियाणा भाजपा विधायक दल की बैठक में मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने 2024 के विजन पर विधायकोंं से बातचीत की। उन्होंने अधिकारियों की ओर से की जा रही जनसुनवाई पर विधायकों से फीड बैक लिया और भिवानी तथा पलवल जनसंवाद को लेकर चर्चा की।
इस दौरान विधायकों ने रेस्ट हाउस में कमरे न मिलने का मुद्दा उठाया। कमरे को लेकर भाजपा विधायकों ने अपनी नाराजगी जाहिर की और मुख्यमंत्री से इस मामले में हस्तक्षेप करने की मांग की। विधायकों ने कहा है कि रेस्ट हाउस में कमरा लेने जाओ तो वहां ऑनलाइन प्रक्रिया का हवाला दिया जाता है। मुख्यमंत्री ने आश्वासन दिया कि 20 कमरे रेस्ट हाउसों में विधानसभा के रखे जाएंगे।
इसके अलावा बैठक मेंं पुलिस के तबादलों पर भी बात हुई। कुछ विधायकों ने पुलिस अफसरों के जिले में होने वाले तबादलों पर देरी की बात कही। उन्होंने कहा कि कोई पुलिसकर्मी स्थानांतरित होना होता है तो तीन से चार माह का समय लगता है। जिसके चलते उनके विधानसभा हलकों में कार्य प्रभावित होता है। गृह मंत्री अनिल विज ने इस बारे में डीजीपी से बात करने का आश्वासन दिया।
शहरी विधायकों ने प्राॅपर्टी आईडी बनने में हो रही देरी का मुद्दा उठाया। इसके अलावा विधायकों ने फसल खराब की गिरदावरी और मुआवजे की राशि जल्द बंटवाने पर जोर दिया। विधायकों ने कहा है कि सरकार की ओर से यह कह दिया गया है कि मई माह तक मुआवजे की राशि वितरित हो जाएगी। इसी लाइन पर अधिकारियों को काम करने के लिए कहा जाए। जिससे जल्द से जल्द यह मुद्दा निपटे और किसानों को उनकी फसल का मुआवजा मिले।
मुख्यमंत्री मनोहर लाल ने विधायकों को बताया कि सरकार की योजनाओं पर जनता को भरोसा है। उन्होंने फील्ड में जाकर खुद यह महसूस किया है कि जनसंवाद में जनता सरकारी योजनाओं को सराह रही है। सीएम ने कहा कि ई टेंडरिंग और नौकरियों के मामले विपक्ष जो भी बोले, मैंने जनता का समर्थन भीड़ में हाथ खड़ा करके जाना है। दोनों जनसंवाद में जनता को सरकार की योजनाओं का समर्थन मिला है।
काफी समय से उठ रहा रेस्ट हाउस का मुद्दा
सूत्रों से मिली जानकारी के मुताबिक रेस्ट हाउस का मुद्दा काफी समय से उठ रहा है। इसलिए सरकार इसमें कुछ संशोधन करने जा रही है। रेस्ट हाउस में कमरा अधिकारियों और विधायकों काे किस तरह से मिलेगा। इसका सिस्टम बन रहा है। मुख्यमंत्री जल्द ही इसकी घोषणा करेंगे।