हरियाणा के गृह एवं स्वास्थ्य मंत्री अनिल विज ने एसआरएल लैब जांच मामले में कहा है कि इसकी जांच पूरी हो गई है। जांच कमेटी ने रिपोर्ट दी है कि एसआरएल लैब द्वारा जो टेस्ट किए जा रहे थे उनकी रिपोर्ट गलत थी। विज ने कहा कि कोरोना मे किसी की रिपोर्ट गलत आना बहुत घातक सिद्ध हो सकता है।
किसी को कोरोना नहीं और उसे कोरोना पॉजिटिव करार दे दो तो वह कुछ भी कर सकता है। इसलिए इस मामले को हम बहुत गंभीरता से ले रहे हैं। उन्होंने बताया कि जो एमओयू एसआरएल के साथ हुआ था उसका अध्ययन कर रहे हैं। उसमे जो कार्रवाई के प्रावधान है, उसके तहत हम कार्रवाई करेंगे।
अनिल विज ने कहा कि इस मामले में आईसीएमआर को भी लिखेंगे कि वो इस लैब के खिलाफ कार्रवाई करें। पत्रकारों से बातचीत में विज ने कहा कि पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी द्वारा पीएम राहत घोषणा को जीरो बता रही हैं। ममता को उसमें अपना प्रतिबिंब नजर आ रहा है और शायद इनको इकनॉमिक्स की जानकारी नहीं है।
विपक्षी पार्टियां जीडीपी का 5 या 6 फीसदी राहत मांग रही थी लेकिन प्रधानमंत्री मोदी ने जीडीपी का 10 फीसदी यानि 20 लाख करोड़ रुपये दिए हैं। जिसका इनको स्वागत करना चाहिए। विज ने कहा कि हर बात पर राजनीति नहीं करनी चाहिए। कोरोना काल मे जो हमारी अर्थव्यवस्था को धक्का लगा है उसको बूस्ट करने के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने रुपयों की बरसात कर दी है और इसकी सभी को सराहना करनी चाहिए। विज ने कहा कि इन्हें इस मामले मे राजनीति करने के लिए अन्य कोई मुद्दा ढूंढना चाहिए।