चंडीगढ़। जिला उपभोक्ता अदालत ने फेज-9 मोहाली स्थित सुप्रमा फिटनेस जिम को सेवा में कोताही का दोषी मानते हुए बिना पूर्व सूचना के जिम बंद करने पर ग्राहक को 15 हजार रुपये 9 प्रतिशत ब्याज के साथ लौटाने का आदेश सुनाया। साथ ही मानसिक परेशानी और कानूनी खर्च के रूप में 10,000 का मुआवजा देने का निर्देश दिया।
यह फैसला सेक्टर-49 निवासी ईशान शर्मा की शिकायत पर आया, जिन्होंने आरोप लगाया था कि जिम ने बिना किसी पूर्व सूचना के अपनी सेवाएं बंद कर दी थीं। ईशान शर्मा ने अदालत को बताया कि उन्होंने जनवरी 2024 में 15 हजार रुपये देकर जिम की सदस्यता ली थी, जो मई 2025 तक के लिए थी लेकिन तीन महीने बाद ही संचालकों ने मार्च 2024 में ही जिम बंद कर दिया। इस पर जब उन्होंने रिफंड मांगा तो जिम संचालक ने इन्कार कर दिया। इस पर उन्होंने जिला उपभोक्ता अदालत का दरवाजा खटखटाया।
मामले की सुनवाई के दौरान अदालत ने पाया कि बिना सूचना के जिम बंद करना न केवल अनुचित है बल्कि यह उपभोक्ता के अधिकारों का उल्लंघन भी है। अदालत ने आदेश दिया कि ईशान शर्मा को 15 हजार रुपये 9 प्रतिशत ब्याज के साथ लौटाने को कहा।