चंडीगढ़। यूटी प्रशासन के जीएसटी विभाग की छह टीमों ने कर चोरी के संदेह में हाल ही में चंडीगढ़ में कई इमीग्रेशन फर्मों पर छापे मारे। ईटीओ प्रदीप रावल के नेतृत्व में एईटीसी जगदीप सहगल की तरफ से निर्देशित टीम ने जीएसटी रिटर्न, बिजनेस मॉडल, पिछली फाइलिंग, पोर्टल-आधारित डेटा की सावधानीपूर्वक जांच की और महत्वपूर्ण जानकारी इकट्ठा करने के लिए साइट पर दौरा किया।यूटी प्रशासन के जीएसटी विभाग की तरफ से बताया गया कि निरीक्षण में पर्याप्त सबूत मिले, जिनमें नामांकन फॉर्म, किराया समझौता, पेन ड्राइव, मोबाइल फोन, कंप्यूटर, ढीले दस्तावेज, डेयरी नोटबुक और रजिस्टर शामिल थे। यह छापा सेक्टर-34 की कैनविसा वर्ल्डवाइड, सीवी इमिग्रेशन, अकाल ओवरसीज कंसल्टेंसी और फ्यूचर डेवलपर्स पर मारा गया और इनके दस्तावेज खंगाले गए। यह कार्रवाई पिछले सप्ताह सेक्टर-38 के धागे क्रिएशंस के निरीक्षण के बाद की गई, जहां यह पता चला था कि करदाता नियमित जीएसटी पंजीकरण के बजाय कंपोजिशन स्कीम के तहत काम कर रहा था। जिन भी कंपनियों में खामी पाई गई है, अब उनके खिलाफ नियमों के तहत कार्रवाई की जाएगी। बता दें कि उत्पाद शुल्क और कराधान विभाग के ये सक्रिय उपाय जीएसटी राजस्व खामियों को दूर करने और व्यवसायों को कर नियमों का अनुपालन सुनिश्चित करने के लिए कर रहा है।